एयर इंडिया में और अधिक निवेश कर सकती है टाटा संस, अध्यक्ष ने दिए संकेत
क्या है खबर?
टाटा समूह की होल्डिंग कंपनी टाटा संस अपनी एयरलाइन सहायक कंपनी एयर इंडिया में और अधिक निवेश करने पर विचार कर सकती है। कंपनी के अध्यक्ष एन चंद्रशेखरन ने इस बात के संकेत दिए। उन्होंने टाटा की 121वीं जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित JRD टाटा मेमोरियल ट्रस्ट के कार्यक्रम में कहा, "अगर इसकी आवश्यकता होगी, तो हम इस पर विचार कर सकते हैं।" निवेश एयरलाइन को परिचालन में आ रही चुनौतियों को दूर करने में सहायक हो सकता है।
मांग
इतना मांग रही पैसा
सूत्रों ने बिजनेसलाइन को पहले ही संकेत दिया था कि एयरलाइन अपने प्रमोटर्स, टाटा संस और सिंगापुर एयरलाइंस से चल रहे अपग्रेड के लिए 10,000 करोड़ रुपये तक की धनराशि की मांग कर रही है। वित्त वर्ष 2025 में दोनों हितधारकों ने एयर इंडिया में 9500 करोड़ रुपये से थोड़ा अधिक का निवेश किया था। चंद्रशेखरन ने इस बात की पुष्टि नहीं की कि एयर इंडिया ने फंड के लिए अपनी मूल कंपनी से संपर्क किया है या नहीं।
परेशानी
एयर इंडिया के सामने है कई चुनौती
चंद्रशेखरन ने बताया कि वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं में व्यवधान, भू-राजनीतिक तनावों के बढ़ने, पूंजी और ईंधन की लागत में उतार-चढ़ाव के कारण विमानन क्षेत्र कठिन दौर से गुजर रहा है। उन्होंने कहा कि इन समस्याओं के कारण पुर्जों, बुनियादी ढांचे और नए बेड़े की उपलब्धता अप्रत्याशित हो गई है। साथ ही टाटा संस के अध्यक्ष ने यह भी कहा कि समूह के लिए विमानन सिर्फ एक व्यावसायिक अवसर ही नहीं, बल्कि एक जिम्मेदारी भी है।