SEBI ने डिजिटल प्लेटफॉर्म को सुलभ बनाने की समय सीमा बढ़ाई
भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) ने हाल ही में विनियमित संस्थाओं के लिए अपने डिजिटल प्लेटफॉर्म को सुलभ बनाने की समय-सीमा बढ़ा दी है। अब यह नई समय सीमा 31 जनवरी, 2027 हो गई है।
यह फैसला बाजार के दिग्गजों के अनुरोध के बाद आया, जिन्होंने इसके लिए अतिरिक्त समय मांगा था। अब इन संस्थाओं को इंटरनेशनल एसोसिएशन ऑफ एक्सेसिबिलिटी प्रोफेशनल्स (IAAP) ऑडिटर नियुक्त करना होगा और ऑडिट के दौरान मिली किसी भी कमी या गड़बड़ी को ठीक करना होगा।
बाकी नियम पहले की तरह रहेंगे लागू
SEBI का यह कदम दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम, 2016 (राइट्स ऑफ पर्सन्स विथ डिसेबिलिटीज एक्ट, 2016) को समर्थन देने के उसके प्रयासों का हिस्सा है।
भले ही मुख्य समय सीमा को आगे बढ़ा दिया गया हो, लेकिन बाकी सभी नियम पहले की तरह ही लागू रहेंगे।
बाजार नियामक ने साफ किया है कि वह वित्तीय बाजारों को सभी के लिए निष्पक्ष और सुलभ बनाने को लेकर गंभीर है, ताकि निवेशकों की पूरी तरह सुरक्षा हो सके और ऑनलाइन सेवाओं में कोई भी पीछे न छूटे।