एनवीडिया ने AI का उपयोग आसान बनाने के लिए पेश किया राजस्व शेयरिंग मॉडल
एनवीडिया ने हाल ही में एक नया राजस्व शेयरिंग मॉडल पेश किया है। इसका मुख्य उद्देश्य है कि स्टार्टअप और शोधकर्ता भी कंपनी के शक्तिशाली आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) हार्डवेयर का उपयोग कर सकें, भले ही उनके पास ज्यादा पैसे न हों।
कंपनी की मुख्य वित्तीय अधिकारी (CFO) कोलेट क्रेस ने बताया कि यह मॉडल AI डेवलपर्स को डाटा सेंटर्स और क्लाउड प्रोवाइडर्स से जोड़ता है।
इससे वे कंपनी के इंफ्रास्ट्रक्चर का उपयोग आसानी से कर पाते हैं और जितना इसका उपयोग होता है, उसी के आधार पर कंपनी को भी उसका हिस्सा मिलता है।
टीमों का ध्यान केवल AI टूल्स बनाने पर होगा
इस मॉडल की एक अहम बात एनवीडिया की DSX AI फैक्ट्रियां हैं, जिनकी मदद से स्टार्टअप्स के लिए क्लाउड कंप्यूटिंग का इस्तेमाल करना काफी आसान हो गया है। फर्मस टेक्नोलॉजीज जैसे साझेदार इसमें एनवीडिया के साथ काम कर रहे हैं।
क्रेस ने बताया कि इस सिस्टम से कंपनियों को जगह ढूंढने या हार्डवेयर स्थापित करने जैसी बड़ी समस्याओं से छुटकारा मिल जाता है।
अब टीमें अपना पूरा ध्यान नए AI टूल्स बनाने पर लगा सकती हैं। इसका मकसद यह है कि सभी को आगे बढ़ने का समान अवसर मिले, ताकि बिना किसी बड़े शुरुआती निवेश के ज्यादा से ज्यादा लोग नई खोज कर सकें।