नेस्ले इंडिया ने मूल कंपनी को किया 1,000 करोड़ रुपये से ज्यादा रॉयल्टी का भुगतान
नेस्ले इंडिया ने वित्त वर्ष 2026 में अपनी स्विट्जरलैंड स्थित मूल कंपनी सोसिएटे डेस प्रोडक्ट्स नेस्ले SA को 1,024.5 करोड़ रुपये की सामान्य लाइसेंस फीस (रॉयल्टी) का भुगतान किया है।
यह रकम पिछले साल की तुलना में करीब 14 फीसदी ज्यादा है। इन भुगतानों से नेस्ले इंडिया को अपनी पेरेंट कंपनी की तकनीक और ब्रांडिंग इस्तेमाल करने की छूट मिलती है, जिससे मैगी और किटकैट जैसे उसके पसंदीदा उत्पाद बनाए और बेचे जाते हैं।
इसके साथ ही, कंपनी ने 102.47 करोड़ रुपये का विथहोल्डिंग टैक्स भी चुकाया है।
कंपनी का राजस्व 14.2 फीसदी बढ़ा
नेस्ले इंडिया का राजस्व 14.2 फीसदी बढ़कर 23,071 करोड़ रुपये हो गया है। रॉयल्टी की दर शुद्ध बिक्री का 4.5 फीसदी ही बनी रही है।
मार्च तक नेस्ले SA और मैगी एंटरप्राइजेज लिमिटेड के पास कंपनी की करीब 63 फीसदी हिस्सेदारी है। कर्मचारियों की संख्या में थोड़ी कमी आई है, जो अब 8,382 हो गई है। कंपनी भारत में अपनी 10वीं फैक्टरी स्थापित करने की प्रक्रिया में है।