मेटा ने छंटनी के कारण अपने कई VR स्टूडियो किए बंद
क्या है खबर?
मेटा बड़े स्तर पर कर्मचारियों की छंटनी कर रही है, जिससे उसके तीन VR स्टूडियो बंद होने जा रहे हैं। कंपनी अपने रियलिटी लैब्स मेटावर्स डिवीजन के करीब 10 प्रतिशत कर्मचारियों को निकाल रही है। यह फैसला मेटा की बदली हुई रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है। छंटनी का असर सिर्फ कर्मचारियों पर ही नहीं, बल्कि मेटा के कई VR गेमिंग प्रोजेक्ट्स पर भी पड़ा है, जिनका संचालन अब पूरी तरह बंद किया जा रहा है।
स्टूडियो
कौन-कौन से VR स्टूडियो हुए बंद?
ब्लूमबर्ग के अनुसार, मेटा ने ट्विस्टेड पिक्सेल गेम्स, संजारू गेम्स और आर्मेचर स्टूडियो को बंद करने का फैसला लिया है। इन स्टूडियो ने डेडपूल VR, एस्गार्ड्स रैथ और रेजिडेंट ईविल 4 VR जैसे बड़े प्रोजेक्ट्स पर काम किया था। इसके अलावा, VR फिटनेस ऐप सुपरनैचुरल की टीम अब नया कंटेंट या फीचर्स डेवलप नहीं करेगी। हालांकि, मौजूदा यूजर्स को ऐप का सपोर्ट मिलता रहेगा, ऐसा कंपनी ने साफ किया है।
छंटनी
कर्मचारियों ने खुद दी जानकारी
स्टूडियो बंद होने के बाद कई पूर्व कर्मचारियों ने सोशल मीडिया पर अपनी नौकरी जाने की जानकारी दी। ट्विस्टेड पिक्सेल और संजारू से जुड़े डिजाइनर और आर्टिस्ट्स ने बताया कि उन्हें अचानक निकाला गया। कर्मचारियों का कहना है कि मेटा की रणनीति में बदलाव के चलते पूरे-के-पूरे स्टूडियो बंद कर दिए गए। कई लोगों ने यह भी कहा कि वे अब नए काम की तलाश में हैं और स्थिति उनके लिए काफी मुश्किल है।
मेटावर्स
मेटावर्स से वियरेबल्स की ओर फोकस
मेटा ने पिछले कुछ वर्षों में कई VR स्टूडियो खरीदे थे, लेकिन अब कंपनी उनका दायरा घटा रही है। मेटा के प्रवक्ता ने कहा कि कंपनी अपने कुछ निवेश मेटावर्स से हटाकर वियरेबल डिवाइस और दूसरी टेक्नोलॉजी की ओर शिफ्ट कर रही है। इसी रणनीतिक बदलाव के चलते रियलिटी लैब्स में छंटनी की गई है। माना जा रहा है कि आने वाले समय में मेटा मेटावर्स पर खर्च और कम कर सकती है।