सैमसंग पर अपने प्रेफर्ड शेयर वापस खरीदने का दवाब
सैमसंग इलेक्ट्रॉनिक्स पर हेज फंड लाइफ एसेट मैनेजमेंट का दबाव है कि वह अपने प्रेफर्ड शेयर्स को वापस खरीदकर रद्द कर दे।
इस कदम का मकसद इन प्रेफर्ड शेयर्स और कंपनी के सामान्य शेयर्स की कीमत के बीच के अंतर को कम करना है।
फंड चाहता है कि कंपनी अपनी अक्टूबर की बैठक में इस मुद्दे पर बात करे। उन्हें उम्मीद है कि इस चर्चा से कंपनी निवेशकों के लिए और भी ज्यादा आकर्षक बन जाएगी।
54 अरब डॉलर के बायबैक का प्रस्ताव
यह दबाव तब सामने आया है, जब सैमसंग ने इस साल निवेशकों को 81.7 अरब डॉलर (करीब 7,750 अरब रुपये) वापस लौटाने की बड़ी घोषणा की थी।
लाइफ एसेट का सुझाव है कि इस राशि में से करीब 54 अरब डॉलर (करीब 5,100 अरब रुपये) का एक बड़ा हिस्सा छूट पर मिलने वाले प्रेफर्ड शेयर्स की बायबैक (वापस खरीद) के लिए इस्तेमाल किया जाए।
ऐसा करने से सैमसंग को शेयरों के मालिकाना हक से जुड़ी कानूनी अड़चनों से पार पाने में आसानी होगी। इस बीच, मंगलवार (15 सितंबर) को इसके प्रेफर्ड शेयर्स में 3.3 फीसदी तक की बढ़ोतरी देखी गई।