KPIT के शेयरों में 16 फीसदी से ज्यादा की गिरावट, जानिए क्या रही वजह
KPIT टेक्नोलॉजीज लिमिटेड के शेयरों में बुधवार को लगातार कई बार गिरावट आई और वे 16 प्रतिशत से अधिक गिर गए। यह गिरावट ऑटोमोटिव सॉफ्टवेयर कंपनी द्वारा अप्रैल-जून तिमाही के लिए लाभ में कमी की चेतावनी जारी करने और यह संकेत देने के बाद हुई कि सितंबर तिमाही में भी कमजोर कारोबारी परिस्थितियां बनी रह सकती हैं।
ब्रोकरेज फर्मों ने इस मंदी को BMW और फॉक्सवैगन से जोड़ा है। KPIT ने यह भी बताया है कि इस तिमाही में कंपनी को राजस्व से भी ज्यादा मुनाफे में कमी देखने को मिलेगी क्योंकि खर्चों में कटौती करने के लिए बहुत कम समय बचा है।
ब्रोकरेज फर्मों ने KPIT को किया डाउनग्रेड
ट्रेडिंग सेशन के आखिर में KPIT के शेयर 16.5 प्रतिशत गिरकर 561 रुपये पर बंद हुए, जिससे यह बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) मिडकैप इंडेक्स में सबसे ज्यादा गिरने वाला शेयर बन गया। पिछले एक साल में इस स्टॉक में 55 प्रतिशत से ज्यादा की गिरावट आई है, जबकि निफ्टी 50 में 6 प्रतिशत की गिरावट देखी गई है।
जेपी माॅर्गन और जेएम फाइनेंशियल जैसी बड़ी ब्रोकरेज फर्मों ने KPIT के शेयर को डाउनग्रेड कर दिया है। उन्होंने कंपनी की भविष्य की कमाई के अनुमानों में भी कटौती कर दी है क्योंकि उन्हें लगता है कि अगले साल भी विकास की रफ्तार धीमी रहेगी।
हालांकि, KPIT का कहना है कि वह अमेरिका और भारत में नए मौके तलाश रही है। साथ ही, कंपनी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) प्रोजेक्ट्स और नए ग्राहकों पर भी ध्यान दे रही है। कंपनी को उम्मीद है कि वित्त वर्ष 2027 की चौथी तिमाही तक हालात एक बार फिर बेहतर हो जाएंगे।