सरकार ने AI चिप्स में आत्मनिर्भरता के लिए आवंटित किए 1.27 लाख करोड़ रुपये
केंद्र सरकार ने हाल ही में अपने सेमिकॉन 2.0 प्रोग्राम की शुरुआत की है। इसके लिए सरकार ने 1.27 लाख करोड़ रुपये आवंटित किए हैं।
यह राशि अगले 6 वित्त वर्षों तक देश में सेमीकंडक्टर डिजाइन और उत्पादन को बढ़ावा देने पर खर्च होगी। इसका मुख्य मकसद आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) जैसे नई तकनीकों के लिए आधुनिक चिप्स तैयार करना है, ताकि भारत भविष्य की तकनीक में एक अहम भूमिका निभा सके।
105 चिप-डिजाइन स्टार्टअप्स की पहचान
सेमिकॉन 2.0 प्रोग्राम के तहत भारतीय चिप स्टार्टअप्स को आर्थिक सहायता और इक्विटी प्रोत्साहन दिए जाएंगे। सरकार इन कंपनियों को निजी निवेशकों से भी जोड़ेगी, ताकि वे अपने प्रोजेक्ट्स में तेजी ला सकें। कुछ बड़े और महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट्स को 1,000 करोड़ रुपये से भी ज्यादा की फंडिंग मिल सकती है।
सरकार ने अब तक 105 ऐसे चिप-डिजाइन स्टार्टअप्स की पहचान कर ली है। इन कंपनियों को अत्याधुनिक चिप्स बनाने में सहायता मिलेगी, जिनका लक्ष्य आगे चलकर सब-7-नैनोमीटर डिजाइन तक पहुंचना है। इसका साफ मकसद है कि भारत सेमीकंडक्टर नवाचार में सिर्फ पीछे चलने वाला देश न रहे, बल्कि दुनियाभर में अग्रणीय बने।