भारत ने अमेरिका के साथ व्यापार समझौते पर रोकी बातचीत
भारत ने अमेरिका के साथ होने वाली व्यापारिक बातचीत को फिलहाल रोक दिया है। देश ने तत्काल मिलने वाले फायदों के बजाय दीर्घकालिक लाभों को ज्यादा अहमियत दी है।
बातचीत इसलिए रुकी क्योंकि अमेरिका, भारत की मुख्य मांगों पर खरा नहीं उतरा। इनमें चीन से बेहतर टैरिफ शर्तें और यह पक्का भरोसा शामिल है कि समझौते के बाद कोई नए टैरिफ नहीं लगेंगे।
अधिकारियों ने साफ कर दिया है कि भारत अपने किसानों और घरेलू बाजारों की सुरक्षा के मुद्दे पर कोई समझौता नहीं करेगा।
माल का निर्यात अप्रैल-जून में 15 फीसदी बढ़ा
भारत का निर्यात लगातार बढ़ रहा है और अप्रैल से जून के बीच माल का निर्यात 15 फीसदी बढ़ गया है। इसकी एक बड़ी वजह पेट्रोलियम की बिक्री में हुई बढ़ोतरी है।
खाड़ी देशों और अमेरिका के साथ भी व्यापार फिर से रफ्तार पकड़ रहा है। घरेलू स्तर पर छोटे कारोबारों और किसानों की मदद करना सरकार की अभी भी सबसे अहम प्राथमिकता बनी हुई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि फिलहाल इंतजार करने से भारत जल्दबाजी में लिए गए ऐसे फैसलों से बच सकता है, जो उसके दीर्घकालिक लक्ष्यों के खिलाफ जा सकते हैं।