STP बाजार की अस्थिरता से बचने में कैसे करता है मदद? जानिए इसके फायदे
क्या है खबर?
आप किसी एक म्यूचुअल फंड योजना से बाहर निकलकर उससे प्राप्त पैसे को किसी अन्य योजना में दोबारा निवेश करने की योजना बना रहे हैं तो आप सिस्टमैटिक ट्रांसफर प्लान (STP) का विकल्प चुन सकते हैं। बाजार की अस्थिरता से बचने और रुपये की लागत औसत का अधिकतम लाभ उठाने वाले निवेशकों के लिए यह एक कारगर तरीका है। आइये जानते हैं बाजार में उतार-चढ़ाव के दौरान STP कैसे आपको मदद कर सकता है।
STP
क्या है सिस्टमैटिक ट्रांसफर प्लान?
सिस्टमैटिक ट्रांसफर प्लान आपको एक म्यूचुअल फंड से दूसरे म्यूचुअल फंड में एकमुश्त राशि के बजाय एक निश्चित राशि नियमित रूप से ट्रांसफर करने की सुविधा देता है। यह एक प्रकार का ऑटोपायलट है, जिसमें आप अपने फंड को धीरे-धीरे सुरक्षित निवेश विकल्पों से ज्यादा रिटर्न वाले निवेश विकल्पों की ओर ले जाते हैं। इससे आप अपनी रकम को धीरे-धीरे म्यूचुअल फंड योजनाओं में ट्रांसफर कर सकते हैं, ताकि जोखिम से दूर रहते हुए आपके पैसे बढ़ते रहें।
फायदे
STP से टैक्स का मिलता है लाभ
रुपये में लागत औसत: STP निवेशकों को लक्ष्य फंड में अलग-अलग मूल्य बिंदुओं पर निवेश करने की अनुमति देता है, जिससे उच्च और निम्न मूल्य बिंदुओं का औसत निकल जाता है। यह रिडेम्पशन के समय अधिक लाभ कमाने का आजमाया हुआ तरीका है। कर लाभ: जब आप सोर्स फंड से दूसरे में निवेश स्थानांतरित करते हैं तो बिक्री को रिडेम्पशन नहीं माना जाता है। इसलिए, निवेशकों को यूनिट्स की बिक्री पर पूंजीगत लाभ टैक्स नहीं देना होता है।
जोखिम
ऐसे जोखिम होगा कम
निवेश अनुशासन: जब धनराशि एक फंड से दूसरे फंड में स्थानांतरित की जाती है तो निवेश अनुशासन का पालन करें और निकासी राशि के दुरुपयोग से बचें। यह अंतिम समय में जल्दबाजी में निर्णय लेने से बचने का एक प्रभावी तरीका है। जोखिम कम करना: एकमुश्त निवेश की तुलना में STP आपको बाजार में धीरे-धीरे प्रवेश कराता है। इससे गलत समय पर निवेश का जोखिम कम होता है और इक्विटी मार्केट में आप सुरक्षित तरीके से घुसते हैं।