एक्सपोनेंट एनर्जी के सह संस्थापक ने अचानक क्यों छोड़ी कंपनी?
इलेक्ट्रिक वाहन रैपिड-चार्जिंग स्टार्टअप एक्सपोनेंट एनर्जी के सह संस्थापक संजय जगन्नाथ ने निजी कारणों के चलते इस्तीफा दे दिया है।
उन्होंने साल 2020 में एथर एनर्जी छोड़ने के बाद अरुण विनायक के साथ यह कंपनी शुरू की थी, जिसमें उनकी लगभग 3 से 3.7 फीसदी हिस्सेदारी है।
उनका यह इस्तीफा इस साल भारतीय स्टार्टअप जगत में देखे जा रहे कई संस्थापकों के पद छोड़ने के रुझान का हिस्सा है।
मूल्यांकन 1,600 करोड़ रुपये तक पहुंचा
एक्सपोनेंट का मूल्यांकन साल 2024 में 9 करोड़ डॉलर (करीब 830 करोड़ रुपये) था, जो अब बढ़कर 15 से 18 करोड़ डॉलर (करीब 1,400-1,600 करोड़ रुपये) हो गया है। कंपनी ने अब तक 6 करोड़ डॉलर (करीब 550 करोड़ रुपये) से ज्यादा का फंड जुटा लिया है और भविष्य में 2.2 से 2.8 करोड़ डॉलर (करीब 200-250 करोड़ रुपये) और जुटाने की योजना है।
इसके प्रमुख निवेशकों में एइट रोड्स वेंचर्स और टीडीके वेंचर्स शामिल हैं। सह संस्थापक विनायक ने इस नेतृत्व परिवर्तन को कंपनी के विकास के लिए नए विचारों का एक मौका बताया है।