ब्लैकरॉक 50,000 श्रमिकों को AI इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए करेगी तैयार
पिछले महीने ब्लैकरॉक ने 'फ्यूचर बिल्डर्स' नाम का एक प्रोग्राम पेश किया है, जिसमें 10 करोड़ डॉलर (करीब 900 करोड़ रुपये) का निवेश किया जाएगा। इस प्रोग्राम का मुख्य मकसद 50,000 कुशल कर्मचारियों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से चलने वाले ऊर्जा बुनियादी ढांचे के लिए तैयार करना है।
इन कर्मचारियों में इलेक्ट्रीशियन, वेल्डर, प्लंबर, HVAC टेक्नीशियन और वायरमैन जैसे लोग शामिल हैं। इस पहल से अमेरिका अपने पावर सिस्टम को स्मार्ट तकनीक से बेहतर बनाना चाहता है, ताकि लोगों को उन नौकरियों के लिए तैयार किया जा सके, जिनकी बाजार में खूब मांग है।
करीब 9.4 लाख अरब रुपये के इंफ्रास्ट्रक्चर की जरूरत
ब्लैकरॉक का कहना है कि यह सिर्फ तकनीक से जुड़ा मामला नहीं है, बल्कि इसका सीधा संबंध लोगों से भी है। कंपनी के कॉर्पोरेट मामलों के वैश्विक प्रमुख जॉन केली ने कहा, "हमें इन कुशल कारीगरों की सख्त जरूरत है।" इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए ब्लैकरॉक, वॉलमार्ट, गूगल और मेटा जैसी बड़ी कंपनियों के साथ मिलकर काम कर रही है। सह संस्थापक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) लैरी फिंक बताते हैं कि AI को चलाने के लिए डाटा सेंटर और ऊर्जा से जुड़े इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए अमेरिका को करीब 10,000 अरब डॉलर (करीब 9.4 लाख अरब रुपये) की जरूरत पड़ सकती है।
ऐसे में पैसा और प्रतिभा दोनों ही बेहद अहम हैं। इस पूरे काम का बड़ा मकसद यह है कि एक तरफ देश की तरक्की को गति मिले, वहीं दूसरी तरफ इन श्रमिकों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाया जा सके।