बांग्लादेश ने कपड़ा मजदूरों के विरोध-प्रदर्शन के बीच वेतन बोर्ड का गठन किया
बांग्लादेश ने ढाका के आस-पास चल रहे कपड़ा श्रमिकों के विरोध-प्रदर्शनों को शांत करने के लिए एक नया वेतन बोर्ड बनाया है। यह कदम ऐसे समय उठाया गया है, जब मजदूर पुलिस से भिड़ रहे हैं।
पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस और साउंड ग्रेनेड का इस्तेमाल किया है। इस बोर्ड में सरकारी अधिकारी, मजदूर और फैक्ट्री मालिक शामिल हैं, जिनका मकसद वेतन विवाद को सुलझाना है।
दोगुने से ज्यादा वेतन की मांग
कई मजदूर नेताओं का कहना है कि यह नया बोर्ड काफी नहीं है क्योंकि बढ़ती महंगाई के कारण मजदूरों के लिए गुजारा करना मुश्किल होता जा रहा है।
अभी मजदूरों को हर महीने लगभग 13,000 टाका (करीब 10,000 रुपये) मिलते हैं, लेकिन वे इससे दोगुने से ज्यादा 30,000 टाका (करीब 23,000 रुपये) से अधिक की मांग कर रहे हैं।
बांग्लादेश सेंटर फॉर वर्कर्स सॉलिडेरिटी की कल्पना अख्तर ने कहा, "इस बार हम 30,000 टाका से थोड़ा ज्यादा की मांग कर रहे हैं क्योंकि महंगाई और रहने का खर्च बहुत बढ़ गया है।"