कंपनियों ने सही AI के लिए अपने डाटा के इस्तेमाल पर दिया जोर
बेंगलुरु में राइजिंग भारत शिखर सम्मेलन में HDFC बैंक, विप्रो, पालो ऑल्टो नेटवर्क्स और जेप्टो जैसी बड़ी कंपनियों के वरिष्ठ अधिकारी इकट्ठे हुए।
उन्होंने इस बात पर चर्चा की कि कंपनियों को अपने-अपने क्षेत्र के हिसाब से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की जरूरत क्यों है।
सबका मानना था कि कंपनियों में AI को बेहतर तरीके से चलाने के लिए अपने डाटा का इस्तेमाल करना, खास मॉडल्स तैयार करना और कड़े नियम बनाना बेहद जरूरी है।
कंपनियां सिखा रही कर्मचारियों को कौशल
HDFC बैंक ने अपने करीब 40 इंजीनियर्स की टीम के साथ मिलकर अपना खुद का AI प्लेटफॉर्म तैयार किया है। बैंक चाहता है कि इसका इस्तेमाल सटीक हो और सभी नियमों का पालन भी किया जा सके।
विप्रो के मुख्य प्रौद्योगिकी अधिकारी ने इस बात पर जोर दिया कि AI नैतिक होना चाहिए और उसे संदर्भ के हिसाब से काम करना चाहिए।
उनकी 'रिस्पॉन्सिबल AI काउंसिल' भी इस विचार का समर्थन करती है। साइबर सुरक्षा भी एक बड़ा मुद्दा बनकर उभरी।
दूसरी तरफ, पालो ऑल्टो नेटवर्क्स ने चेतावनी दी कि ऑटोनॉमस AI एजेंट्स से खतरा हो सकता है। इसलिए, उन पर कड़ी निगरानी रखनी चाहिए।
इसके अलावा, जेप्टो ने कहा कि जैसे-जैसे AI की वजह से नौकरियों के तरीके बदल रहे हैं, वैसे-वैसे इंसानों और मशीनों के बीच बेहतर तालमेल और कर्मचारियों को नए कौशल सिखाना पहले से कहीं ज्यादा अहम हो गया है।