विमान दुर्घटना के बाद एयर इंडिया को हो सकता है रिकॉर्ड 15,000 करोड़ रुपये का नुकसान
क्या है खबर?
एयर इंडिया इस वित्त वर्ष में रिकॉर्ड घाटा दर्ज कर सकती है। रिपोर्ट के अनुसार, पिछले साल हुई एक विमान दुर्घटना और उसके बाद हालात बिगड़ने से कंपनी की सुधार की कोशिशों को झटका लगा। 31 मार्च को खत्म होने वाले साल में एयर इंडिया का घाटा काफी बढ़ सकता है। यह स्थिति ऐसे समय सामने आ रही है, जब कंपनी ऑपरेशनल सुधार और स्थिरता की दिशा में आगे बढ़ने की कोशिश कर रही थी।
मुश्किलें
हवाई क्षेत्र बंद होने से बढ़ी मुश्किलें
टाटा समूह और सिंगापुर एयरलाइंस की संयुक्त कंपनी एयर इंडिया को कम से कम 15,000 करोड़ रुपये का घाटा हो सकता है। पाकिस्तान द्वारा भारतीय विमानों के लिए अपना हवाई क्षेत्र बंद करने से कमाई पर बड़ा असर पड़ा। इससे यूरोप और अमेरिका जाने वाली उड़ानों को लंबा रास्ता अपनाना पड़ा, जिससे लागत बढ़ गई। कंपनी ने इस साल परिचालन स्तर पर संतुलन हासिल करने का लक्ष्य रखा था, लेकिन अब मुनाफा दूर नजर आ रहा है।
एविएशन सेक्टर
एविएशन सेक्टर के लिए कठिन साल
यह नुकसान भारतीय विमानन उद्योग के लिए एक मुश्किल साल के बाद सामने आया है। यात्रियों की सुरक्षा को लेकर चिंता, उड़ानों में देरी और दूसरी एयरलाइनों की बड़े पैमाने पर उड़ान रद्द होने की घटनाओं ने पूरे सेक्टर को प्रभावित किया। इन हालातों ने बाजार की प्रतिस्पर्धा और सीमित विकल्पों पर भी सवाल खड़े किए। एयर इंडिया, टाटा समूह और सिंगापुर एयरलाइंस ने इस मुद्दे पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।
योजना
आगे की योजना और प्रबंधन पर दबाव
बताया गया है कि एयर इंडिया की नई पांच साल की योजना में तीसरे साल मुनाफे का अनुमान था, लेकिन बोर्ड ने इसे मंजूरी नहीं दी। पिछले तीन वर्षों में कंपनी को 322 अरब रुपये से ज्यादा का नुकसान हो चुका है। बढ़ते घाटे से दोनों साझेदार चिंतित हैं। टाटा समूह नए मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) की तलाश भी कर रहा है। वहीं, सिंगापुर एयरलाइंस की हिस्सेदारी के बाद भी प्रदर्शन उम्मीद से कमजोर बना हुआ है।