क्रोएशिया में भारतीय दूतावास में अराजक तत्वों ने घुसपैठ कर तोड़फोड़ की, भारत का आया बयान
क्या है खबर?
क्रोएशिया की राजधानी जाग्रेब में स्थित अति सुरक्षित भारतीय दूतावास में गुरुवार को कुछ अराजक तत्व घुस गए और तोड़फोड़ मचा दी। घटना की भारतीय विदेश मंत्रालय ने निंदा की और भारत विरोधी तत्वों को जिम्मेदार ठहराते हुए दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल, भारत की ओर से मामले को दिल्ली और क्रोएशिया में संबंधित अधिकारियों के समक्ष उठाया गया है। दूतावास पर हमले के पीछे खालिस्तान समर्थक बताए जा रहे हैं।
घटना
दूतावास पर तिरंगा हटाकर खालिस्तानी झंडा लहराया
खालिस्तानी आतंकवादी गुरपतवंत सिंह पन्नू ने भी एक वीडियो जारी कर भारत के खिलाफ जहर उगला है। वीडियो में दिख रहा है कि खालिस्तानियों ने आधी रात को दूतावास से तिरंगा हटाकर खालिस्तानी झंडा लहरा दिया। बता दें कि दूतावास में हमले का कारण 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस पर यूरोपीय संघ (EU) नेताओं की नई दिल्ली यात्रा बताई जा रही है, जिसका खालिस्तानी विरोध कर रहे हैं। दूतावास के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
घटना
भारत ने क्या कहा?
विदेश मंत्रालय ने बयान में कहा, "हम जाग्रेब स्थित हमारे दूतावास में भारत विरोधी तत्वों द्वारा की गई घुसपैठ और तोड़फोड़ की कड़ी निंदा करते हैं। वियना कन्वेंशन के तहत, राजनयिक परिसर अभेद्य हैं और उनकी सुरक्षा अनिवार्य है। हमने मामले को दिल्ली और जाग्रेब दोनों स्थानों पर क्रोएशियाई अधिकारियों के समक्ष मजबूती से उठाया है और दोषियों को जवाबदेह ठहराने का आग्रह किया है। ऐसे कृत्य इनके पीछे के लोगों के चरित्र और इरादों को भी उजागर करते हैं।"
जानकारी
मोदी ने आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में समर्थन का दिया था धन्यवाद
पिछले साल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जाग्रेब में क्रोएशिया आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में समर्थन का धन्यवाद दिया था। वर्ष 1991 में यूगोस्लाविया से हटने के बाद क्रोएशिया से भारतीय राजनयिक संबंध 1992 में बने, जिसके बाद मोदी जाग्रेब जाने वाले पहले भारतीय प्रधानमंत्री थे।
ट्विटर पोस्ट
पन्नू की धमकी
🚨🇮🇳🇭🇷 India strongly condemns the illegal trespass & vandalism at its Embassy in Croatia by anti-India elements
— Sputnik India (@Sputnik_India) January 22, 2026
Khalistani extremists reportedly removed Tiranga from outside the embassy in Zagreb and replaced it with a "Khalistani flag". pic.twitter.com/kvAvuiG6RQ