व्हाइट हाउस के एक पूर्व डॉक्टर ने कैसे कराया पाकिस्तान-अमेरिका में खनन समझौता
क्या है खबर?
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लिए व्हाइट हाउस में तैनात एक पूर्व डॉक्टर ने अमेरिका और पाकिस्तान के बीच दुर्लभ धातुओं का सौदा करवाने में अहम भूमिका निभाई थी। इस डॉक्टर का नाम रॉनी एल जैक्सन बताया जा रहा है, जो 'ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान लगातार पाकिस्तानी अधिकारियों के संपर्क में थे। ये खुलासा पाकिस्तान द्वारा अमेरिका में नियुक्त की गई 2 लॉबिस्ट फर्मों के दस्तावेजों से हुए हैं।
दस्तावेज
1 मई को जैक्सन ने पाकिस्तानी अधिकारियों से की थी मुलाकात
ये जानकारी लॉबिस्ट फर्म जेवलिन एडवाइजर्स LLC और कॉन्शियस पॉइंट कंसल्टिंग द्वारा दायर दस्तावेजों से हुए हैं। इनके मुताबिक, जैक्सन ने 1 मई, 2025 को पाकिस्तानी अधिकारियों से दुर्लभ धातुओं के सौदे पर चर्चा करने के लिए मुलाकात की थी। 6 मई को उन्होंने भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव को लेकर फिर फोन पर बात की। 6 मई की रात को ही भारत ने 'ऑपरेशन सिंदूर' शुरू किया था।
बातचीत
मई के पूरे महीने में होती रही बातचीत
16 मई को जैक्सन ने पाकिस्तानी अधिकारियों से बात कर समझौते को आगे बढ़ाने के लिए रात्रिभोज पर मिलने की बात कही। महीने भर तक बातचीत होती रही। 28 मई को फिर एक फोन कॉल के बाद एक ईमेल में समझौते का मसौदा भेजा गया। अंतत: सितंबर, 2025 में US स्ट्रेटेजिक मेटल्स और पाकिस्तान के फ्रंटियर वर्क्स ऑर्गनाइजेशन के बीच करीब 4,500 करोड़ रुपये का समझौता हुआ। इस पूरी बातचीत में 2 सांसदों की भी भूमिका थी।
परिचय
कौन हैं रॉनी जैक्सन?
जैक्सन सेवानिवृत्त नौसेना डॉक्टर हैं। वे पूर्व राष्ट्रपति जॉर्ज बुश के कार्यकाल में व्हाइट हाउस मेडिकल यूनिट में तैनात किए गए थे। ट्रंप के पहले कार्यकाल के दौरान भी जैक्सन व्हाइट हाउस में रहे। 2018 में जैक्सन ने कहा कि ट्रंप का जीन बहुत अच्छा है और अगर उन्हें अच्छा भोजन मिलता तो 200 साल तक जिंदा रह सकते हैं। माना जाता है कि यहीं से वे ट्रंप के करीबी हो गए।
आरोप
जैक्सन पर लगे कर्मचारियों से दुर्व्यवहार के आरोप
जैक्सन पर व्हाइट हाउस में अपने अधीनस्थ कर्मचारियों के साथ दुर्व्यवहार के आरोप लगे। एक कर्मचारी ने उन पर धमकाने का आरोप भी लगाया था। 2018 में ट्रंप ने जैक्सन को वयोवृद्ध मामलों का सचिव नामित किया था, लेकिन ये विवाद सामने आने के बाद उन्होंने नाम वापस ले लिया। 2019 में नौसेना ने भी इन आरोपों के चलते जैक्सन को रियर एडमिरल से डिमोट कर कैप्टन बना दिया था। हालांकि, बाद में ट्रंप ने उनका पद बहाल कर दिया।
अन्य समझौते
अन्य देशों के साथ भी समझौतों में निभाई भूमिका
जैक्सन ने पाकिस्तान को NATO का प्रमुख गैर-सहयोगी दर्जा हटाने के लिए भी विधेयक पेश किया था। वे पाकिस्तान के अलावा अमेरिका के अन्य देशों से समझौते कराने में भी भूमिका निभा चुके हैं। उन्होंने कांगो और रवांडा के नेताओं से मुलाकात की थी, जिसके चलते पिछले साल जून में कांगो-रवांडा शांति समझौता हुआ। इस पर ट्रंप की मौजूदगी में हस्ताक्षर किए गए थे। पिछले महीने व्हाइट हाउस में एक कार्यक्रम में ट्रंप ने जैक्सन की तारीफ भी की थी।