बांग्लादेश के चुनाव में तारिक रहमान की BNP की जीत तय, जमात और आंदोलनकारियों को झटका
क्या है खबर?
बांग्लादेश में गुरुवार को 13वें राष्ट्रीय संसदीय चुनाव के लिए हुए मतदान के परिणाम लगभग सामने आ गए हैं। इसमें बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) ने बहुमत का आंकड़ा (150) पार कर लिया है। पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया की पार्टी BNP का नेतृत्व उनके बेटे तारिक रहमान कर रहे हैं। पार्टी ने 299 में 165 सीटों पर जीत दर्ज कराई है। सबसे बड़ा झटका जुलाई 2024 के आंदोलन में शामिल छात्रों की नेशनलिस्ट सिटीजन पार्टी (NCP) और जमात-ए-इस्लामी को लगा है।
सीट
किसको कितनी सीटें मिलीं?
बांग्लादेश में कुल 350 सीटें हैं, जिसमें 50 महिलाओं के लिए आरक्षित हैं। शेष 300 में 299 पर गुरुवार को मतदान हुआ था। अभी तक 225 सीटों पर मतगणना पूरी हो गई हैं, जिसमें BNP और उसके सहयोगी गठबंधन ने 166 सीटें जीती हैं। अभी कई सीटों पर BNP आगे है। जमात और उसके सहयोगी गठबंधन ने 55 सीटें जीती हैं। इस्लामी आंदोलन बांग्लादेश ने 1 सीट जीती है। NCP की झोली अभी खाली है।
जीत
तारिक ने दोनों सीट पर जीत दर्ज की, शफीकुर भी जीते
BNP अध्यक्ष तारिक ने दो सीटों बोगुरा-6 और ढाका-17 से चुनाव लड़ा था और दोनों में भारी बहुमत से जीत हासिल की। ढाका-17 में तारिक को 72,699 वोट मिले। उन्होंने जमात-ए-इस्लामी के एसएम खालिदुज्जमान को 4,399 वोट से हराया। बोगरा-6 सीट पर तारिक को 2.16 लाख वोट, जबकि जमात के आबिदुर रहमान सोहेल को 97,626 वोट मिले। जमात-ए-इस्लामी प्रमुख शफीकुर रहमान ने ढाका-15 सीट से चुनाव लड़ा था, जहां BNP उम्मीदवार मोहम्मद शफीकुल इस्लाम खान को 21,614 वोट से हराया।
विजय
17 साल बाद सत्ता में लौटेगी BNP, तारिक ने रैली न करने को कहा
बांग्लादेश में शेख हसीना की आवामी लीग पर प्रतिबंध लगाने का फायदा BNP को हुआ। वह देश में 17 साल बाद अपनी सरकार बनाने के लिए तैयार है। अक्टूबर 2001 से अक्टूबर 2006 तक बेगम खालिदा जिया बांग्लादेश की प्रधानमंत्री रही थीं, उसके बाद लगातार 15 साल तक हसीना ने देश पर राज किया। जीत से खुश तारिक ने सभी कार्यकर्ताओं और समर्थकों को रैली आयोजित करने से मना किया है। उन्होंने जुमा पर विशेष प्रार्थना को कहा है।