वैभव सूर्यवंशी ने लाल गेंद की क्रिकेट पर किया फोकस, टेस्ट क्रिकेट की तैयारी शुरू
क्या है खबर?
वैभव सूर्यवंशी अब लाल गेंद क्रिकेट की तैयारी में जुट गए हैं। जिम्बाब्वे दौरे से लौटने के बाद वह नागपुर के पास तालेगांव स्थित राजस्थान रॉयल्स (RR) अकादमी में अपने खेल को बेहतर करने में लगे हुए हैं। यह सुविधा फ्रेंचाइजी के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की तरह काम करती है। सूर्यवंशी RR के कुछ अन्य खिलाड़ियों के साथ मिलकर इस प्रारूप की तैयारी कर रहे हैं। उनकी तैयारी में RR के सहायक कोच विक्रम राठौड़ मदद कर रहे हैं।
कैंप
10 दिवसीय कैंप का हिस्सा हैं सूर्यवंशी
फिलहाल RR अपने खिलाड़ियों के लिए 10 दिवसीय कैंप आयोजित कर रही है।
इस कैंप में सूर्यवंशी के अलावा तुषार देशपांडे, संदीप शर्मा, शुभम दुबे, रवि सिंह और सुशांत मिश्रा भी हिस्सा ले रहे हैं।
इस ग्रुप में शामिल सूर्यवंशी और तुषार देशपांडे आगामी दलीप ट्रॉफी में खेलते नजर आएंगे।
सूर्यवंशी ईस्ट जोन का प्रतिनिधित्व करेंगे, जबकि देशपांडे वेस्ट जोन की टीम का हिस्सा होंगे। खास बात यह है कि सूर्यवंशी अपनी टीम के उपकप्तान भी हैं।
युवा
लंबे प्रारूप के लिए खुद को तैयार मानते हैं सूर्यवंशी
सूर्यवंशी ने पिछले इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) सीजन में अपनी बल्लेबाजी से शानदार प्रदर्शन किया था और वह टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाजों में थे।
उन्हें आमतौर पर सफेद गेंद की क्रिकेट के बल्लेबाज के रूप में देखा जाता है।
हालांकि, सूर्यवंशी इस धारणा से सहमत नहीं हैं। वह कई बार कह चुके हैं कि वह लंबे प्रारूप में भी उतने ही सहज हैं और खुद को इस प्रारूप के लिए तैयार मानते हैं।
बयान
इस कारण RR ने लगाया है कैंप
RR ने अपने कैंप को लेकर कहा कि इसमें खिलाड़ियों के तकनीकी कौशल में सुधार, फिटनेस और कंडीशनिंग, वर्कलोड मैनेजमेंट, रिकवरी और प्रदर्शन विश्लेषण पर काम किया जा रहा है।
फ्रेंचाइजी ने बताया कि खिलाड़ियों के लिए उनकी जरूरतों के अनुसार अलग-अलग ट्रेनिंग प्रोग्राम तैयार किए गए हैं।
इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि खिलाड़ी घरेलू सीजन के लिए शारीरिक रूप से पूरी तरह तैयार रहें, उनकी तकनीक में निखार आए और वे चुनौतियों का सामना कर सकें।
प्रथम श्रेणी
प्रमथ श्रेणी में ऐसे हैं सूर्यवंशी के आंकड़े
सूर्यवंशी ने अपना पहला प्रथम श्रेणी मुकाबला 2024 में बिहार के लिए मुंबई क्रिकेट टीम के खिलाफ खेला था।
अब तक उन्होंने 8 मैचों की 12 पारियों में 17.25 की औसत से 207 रन बनाए हैं। इस दौरान उनके बल्ले से एक अर्धशतक निकला है, जबकि उनका सर्वश्रेष्ठ स्कोर 93 रन है।
उन्होंने इस प्रारूप में 90 की स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी की है।
इस दलीप ट्रॉफी में वैभव की नजर अपने प्रथम श्रेणी रिकॉर्ड को बेहतर बनाने पर होगी।