शुभमन गिल ने भारतीय टीम के लिए चिंताजनक क्षेत्रों का किया खुलासा, दिया अहम बयान
क्या है खबर?
भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान शुभमन गिल ने वेस्टइंडीज क्रिकेट टीम के खिलाफ समाप्त हुई वनडे सीरीज में टीम के प्रदर्शन पर संतोष व्यक्त किया है। सीरीज के तीसरे वनडे में मिली 5 विकेट की हार के बाद भारत ने सीरीज पर 2-1 से कब्जा जमाया। गिल ने स्वीकार किया कि सीरीज से कई सकारात्मक बातें सीखने को मिलीं, लेकिन फील्डिंग और डेथ ओवरों में गेंदबाजी जैसे क्षेत्रों पर तत्काल ध्यान देने और सुधार की आवश्यकता है।
सफलता
वेस्टइंडीज ने खुद को क्लीन स्वीप से बचाया
तीसरे वनडे में भारत ने 7 विकेट पर 351 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया।
यह पारी रोहित शर्मा (92) और ऋतुराज गायकवाड़ (57) के बीच दूसरे विकेट के लिए 137 रनों की शानदार साझेदारी पर आधारित थी।
केएल राहुल ने भी 87 गेंदों पर नाबाद 129 रन बनाकर योगदान दिया, जो वनडे में उनका सर्वोच्च स्कोर है।
हालांकि, वेस्टइंडीज ने कप्तान शाई होप की नाबाद 162 रनों की शतकीय पारी से 5 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया।
चिंता
डेथ ओवरों में गेंदबाजी और फील्डिंग चिंता का प्रमुख विषय- गिल
गिल ने मैच के बाद कहा, "मुझे लगता है कि कभी-कभी हमें यह स्पष्ट नहीं होता कि हम आक्रमण कर रहे हैं या बचाव, खासकर जब हम डेथ ओवरों में गेंदबाजी कर रहे होते हैं। वनडे क्रिकेट में अगर विपक्षी टीम के 5-6 विकेट गिर चुके हों, तो यह तय करना मुश्किल होता है कि कैसी फील्डिंग करें। डेथ ओवर में यह बड़ी परेशानी है। मुझे लगता है कि इस क्षेत्र में हमें निश्चित रूप से सुधार की जरूरत है।"
फील्डिंग
फील्डिंग पर क्या बोले गिल?
गिल ने खराब फील्डिंग और कैच छूटने पर कहा, "हमने कई मोर्चों पर अच्छा काम किया है, लेकिन कुछ ऐसे क्षेत्र हैं जहां निश्चित रूप से सुधार की आवश्यकता है। हमारी फील्डिंग और बेहतर हो सकती थी। हमने पूरी सीरीज में लगभग 6-7 कैच छोड़े हैं। वनडे विश्व कप 2027 की ओर बढ़ते हुए यह बिल्कुल भी अच्छे संकेत नहीं हैं।"
उन्होंने कहा, "चोटों और व्यस्त शेड्यूल के कारण हमें हमारी पूरी गेंदबाजी लाइन-अप खिलाने का मौका नहीं मिला है।"
प्रदर्शन
सीरीज में भारतीय गेंदबाजाें का निराशाजनक प्रदर्शन
इस सीरीज में भारतीय गेंदबाजों ने लगातार रन लुटाए। सभी तीनों मैचों में गेंदबाजों ने 290 से अधिक रन खाए।
आखिरी दो मैचों में स्थिति और खराब रही, जहां गुवाहाटी में वेस्टइंडीज ने 405 रन बनाए और चंडीगढ़ के आखिरी मैच में 352 रन खा लिए।
इसका बड़ा कारण रहा कि जसप्रीत बुमराह और अर्शदीप सिंह एशियाई खेल 2026 के कारण सीरीज का हिस्सा नहीं थे।
इसी तरह हार्दिक पांड्या और हर्षित राणा चोट के कारण टीम से बाहर हैं।