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क्यों RR की बिक्री के बाद शेन वॉर्न के परिवार को मिलेंगे लगभग 450 करोड़ रुपये?
RR से 4 सीजन में खेले थे वॉर्न (तस्वीर: एक्स/@CricketCentrl)

क्यों RR की बिक्री के बाद शेन वॉर्न के परिवार को मिलेंगे लगभग 450 करोड़ रुपये?

Mar 25, 2026
12:27 pm

क्या है खबर?

इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 की शुरुआत से पहले राजस्थान रॉयल्स (RR) फ्रेंचाइजी को नया मालिक मिल गया। दरअसल, अमेरिकी उद्यमी कल सोमानी के नेतृत्व वाले समूह ने RR की पूरी हिस्सेदारी को 1.63 अरब अमेरिकी डॉलर (लगभग 15,289 करोड़ रुपये) में खरीदा। ऐसी खबर है कि इस सौदे के बाद दिवंगत स्पिनर शेन वॉर्न के परिवार को लगभग 450 करोड़ रुपये मिलने वाले हैं। आइए इस मामले को विस्तार से समझते हैं।

पूर्व बयान 

RR की टीम में था वॉर्न का अधिकार

जब रॉयल्स ने 2008 सीजन से पहले वॉर्न को साइन किया, तो उन्हें न सिर्फ कप्तान की भूमिका दी गई, बल्कि फ्रेंचाइजी से जुड़े सभी कामों पर पूरा नियंत्रण भी दिया गया। वॉर्न ने 'द हेराल्ड सन' को दिए एक इंटरव्यू में RR में अपनी हिस्सेदारी का जिक्र किया था। उन्होंने कहा था, "RR ने मुझसे कप्तान और कोच बनने को कहा, और यह भी कहा कि मैं क्रिकेट टीम को अपनी मर्जी से चलाऊं। मैं ही सब कुछ था।"

हिस्सेदारी 

क्यों वॉर्न के परिवार को मिलेंगे 450 करोड़ रुपये?

RR डील के तहत, ऑस्ट्रेलिया के इस पूर्व महान खिलाड़ी को टीम के लिए खेले गए हर साल के बदले 0.75 प्रतिशत मालिकाना हिस्सा दिया गया। उन्होंने 4 सीजन में RR का प्रतिनिधित्व किया था और ऐसे में फ्रेंचाइजी की ओनरशिप में उनका कुल हिस्सा बढ़कर 3 प्रतिशत हो गया। अब जब टीम 1.63 अरब डॉलर में बिक चुकी है, तो वॉर्न का यह हिस्सा बढ़कर 450 से 460 करोड़ रुपये हो गया है।

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IPL 

राजस्थान रॉयल्स को IPL का खिताब दिला चुके हैं वॉर्न

IPL का पहला सीजन साल 2008 में खेला गया था और वॉर्न के नेतृत्व में टीम ने खिताब जीता था। उस टीम में ज्यादा स्टार खिलाड़ी नहीं थे, इसके बावजूद उन्होंने टीम को चैंपियन बनाया था। वॉर्न 2008 से 2011 तक इस फ्रेंचाइजी का हिस्सा रहे थे। IPL के 55 मुकाबलों में इस खिलाड़ी ने 25.39 की औसत से 57 विकेट झटके थे। उनकी इकॉनमी रेट 7.27 की रही थी।

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2008 

खिताब जिताने में वॉर्न की भूमिका 

वॉर्न ने अपनी टीम को खिताब जिताने में अहम भूमिका निभाई थी। उन्होंने 15 पारियों में 21.26 की औसत और 7.76 की इकॉनमी रेट के साथ 19 विकेट लिए थे। वह फाइनल मैच में कोई विकेट नहीं ले सके थे। वॉर्न उस सीजन में संयुक्त रूप से दूसरे सर्वाधिक विकेट लेने वाले गेंदबाज रहे थे। उस सीजन में उनसे ज्यादा विकेट सिर्फ पाकिस्तान के सोहेल तनवीर (22) ने लिए थे।

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