टी-20 विश्व कप 2026 में कैसा रहा भारतीय टीम का सफर?
क्या है खबर?
टी-20 विश्व कप 2026 में भारतीय क्रिकेट टीम ने शानदार और संतुलित प्रदर्शन कर तीसरी बार ट्रॉफी जीती। फाइनल में भारत ने न्यूजीलैंड को हराया। पूरे टूर्नामेंट में बल्लेबाजों ने आक्रामक अंदाज में रन बनाए, जबकि गेंदबाजों ने भी अहम मौकों पर विकेट लेकर टीम को मजबूत स्थिति में रखा। ग्रुप चरण से लेकर सुपर-8 और सेमीफाइनल तक भारत ने एक को छोड़कर सभी मुकाबले जीते। उसके सफर पर नजर डालते हैं।
ग्रुप
ग्रुप चरण में एक भी मुकाबला नहीं हारी भारतीय टीम
ग्रुप चरण में ग्रुप-A में मौजूद रही भारतीय टीम ने अपने पहले मैच में USA क्रिकेट टीम को 29 रन से हराया था। इसके बाद अपने दूसरे मैच में भारत ने नामीबिया क्रिकेट टीम को 93 रन से शिकस्त दी थी। पाकिस्तान क्रिकेट टीम के विरुद्ध तीसरे मुकाबले में भारत ने 61 रन से जीत दर्ज की थी। नीदरलैंड क्रिकेट टीम के खिलाफ आखिरी ग्रुप मैच में टीम को 17 रन से शानदार जीत मिली।
सुपर-8
सुपर-8 में एक मुकाबला हारी भारतीय टीम
भारत को अपने पहले सुपर-8 मुकाबले में दक्षिण अफ्रीका क्रिकेट टीम के खिलाफ 76 रन से करारी हार मिली। इस मैच के बाद टीम ने जोरदार वापसी की। जिम्बाब्वे क्रिकेट टीम को भारतीय टीम ने 72 रन से शिकस्त दी। इस चरण के अपने तीसरे मुकाबले में सूर्यकुमार यादव की नेतृत्व वाली टीम ने वेस्टइंडीज को 5 विकेट से हराकर सेमीफाइनल का टिकट हासिल किया। इस ग्रुप में भारत के अलावा दक्षिण अफ्रीका ने सेमीफाइनल में प्रवेश किया था।
सेमीफाइनल
सेमीफाइनल में भारत ने दी इंग्लैंड को शिकस्त
वानखेड़े स्टेडियम में हुए सेमीफाइनल में भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 253/7 का बड़ा स्कोर बनाया। संजू सैमसन (89) और ईशान किशन (39) ने उम्दा पारियां खेलीं। जवाब में इंग्लिश टीम जैकब बेथेल की शतकीय पारी (105) के बावजूद 246/7 का स्कोर ही बना सकी। बेथल के अलावा विल जैक्स (35) ने संघर्ष किया, लेकिन अपनी टीम को जीत नहीं दिला सके। हार्दिक पांड्या ने भारत के लिए सबसे ज्यादा 2 विकेट लिए।
रन
इन बल्लेबाजों ने बनाए सबसे ज्यादा रन
भारतीय टीम से सर्वाधिक रन संजू सैमसन ने बनाए। इस खिलाड़ी ने 5 मैच की 5 पारियों में 80.25 की औसत और 199.37 की स्ट्राइक रेट के साथ 321 रन बनाए। उनके बल्ले से 3 अर्धशतक निकले। उनका सर्वश्रेष्ठ स्कोर 97* रन रहा। ईशान किशन ने 9 पारियों में 35.22 की औसत और 193.29 की स्ट्राइक रेट से 317 रन बनाए। सूर्यकुमार यादव ने 9 पारियों में 136.72 की स्ट्राइक रेट से 242 रन अपने नाम किए।
विकेट
इन गेंदबाजों ने लिए सर्वाधिक विकेट
भारत की ओर से सबसे सफल गेंदबाज जसप्रीत बुमराह और वरुण चक्रवर्ती रहे। बुमराह ने 8 मैचों में 12.42 की औसत और 6.21 की इकॉनमी रेट के साथ 14 विकेट चटकाए। भारत के इस सफल अभियान में वरुण की भी अहम भूमिका रही। उन्होंने 9 पारियों में 20.50 की औसत और 9.25 की इकॉनमी रेट से 14 विकेट अपने नाम किए। अक्षर पटेल ने 18.63 की औसत और 8.20 की इकॉनमी रेट से 11 विकेट चटकाए।
पक्ष
ये रहे भारत के मजबूत और कमजोर पक्ष
शुरुआती मुकाबलों में सैमसन टीम का हिस्सा नहीं थे। उस दौरान स्पिन गेंदबाज सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा और ईशान को शुरुआती ओवरों में काफी परेशान कर रहे थे। ऐसे में सैमसन की वापसी हुई और उनकी आक्रामक बल्लेबाजी ने भारत को कई अहम मैच जिताए, जिसके चलते उन्हें 'प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट' चुना गया। हालांकि, गेंदबाजी में भारत कई मैचों में जसप्रीत बुमराह पर ज्यादा निर्भर नजर आया, जबकि अन्य गेंदबाज महंगे साबित हुए।