कप्तान पैट कमिंस ने बल्लेबाजों को ठहराया हार का कसूरवार, दिए टीम में बदलाव के संकेत
क्या है खबर?
दक्षिण अफ्रीका क्रिकेट टीम के खिलाफ 3 मैचों की टेस्ट सीरीज का निर्णायक मुकाबला 176 रनों से गंवाने के बाद ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट टीम के कप्तान पैट कमिंस ने अपने बल्लेबाजों को इसका जिम्मेदार ठहराया है। जीत के लिए 288 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए ऑस्ट्रेलियाई टीम मैच के 5वें दिन ताश के पत्तों की तरह ढह गई और महज 111 रनों पर सिमट गई। इस हार के साथ ही ऑस्ट्रेलिया ने सीरीज 1-2 से गंवा दी है।
बयान
कमिंस ने क्या दिया बयान?
मैच के बाद कप्तान कमिंस ने बिना किसी झिझक के स्वीकार किया कि उनके बल्लेबाजों ने निराश किया।
उन्होंने कहा, "बल्लेबाजों द्वारा कुछ बेहद खराब फैसले लिए गए। मैं जानता हूं कि यह 5वें दिन का विकेट था, लेकिन मुझे नहीं लगता कि यह बहुत खतरनाक खेल रहा था। पिच पर रन बनाने के मौके थे और खेलने के लिए काफी गेंदें बाकी थीं। कुछ ऐसे शॉट्स और फैसले थे, जिन्हें लड़के अब निश्चित रूप से बदलना चाहेंगे।"
उम्मीद
हासिल किया जा सकता था लक्ष्य- कमिंस
कमिंस ने कहा, "शुरुआती कुछ ओवरों में पिछड़ने पर शायद हम योजना से भटककर जरूरत से ज्यादा आक्रामक होकर रन चेज करने लगे। हमें इस खेल में बेहतर होना होगा। हमारा मानना था कि यह लक्ष्य आसानी से हासिल किया जा सकता था।"
उन्होंने कहा, "हमें लगा था कि पहले दिन पिच से गेंदबाजों को उम्मीद से अधिक मदद मिलेगी। हमने सोचा था कि पहले दिन 10 विकेट निकालकर हम खेल में बढ़त बना लेंगे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ।"
संकेत
कमिंस ने दिए टीम में बड़े बदलाव और कड़े फैसलों के संकेत
टीम में बदलाव पर कमिंस ने कहा, "सीरीज हारने के बाद सवाल उठना लाजिमी है। अगर हम लगातार 2 मैच हारे हैं, तो ऐसे सवाल पूछे जाने चाहिए। हम एक बहुत अच्छी टीम हैं, लेकिन अगर हमें फिर से दुनिया की नंबर-1 टीम बनना है, तो हमें थोड़ा और बेहतर होना होगा। इसके लिए शायद हमें अपनी खेलने की शैली बदलनी पड़े या कुछ मामलों में खिलाड़ियों को भी बदलना पड़े। हम इस पर काम करके रास्ता निकाल लेंगे।"
बदलाव
इस तरह से जीती दक्षिण अफ्रीका टीम
दक्षिण अफ्रीका ने अपनी पहली पारी में 329 रन बनाए, जिसमें मार्केस एकरमैन (95) और एडेन मार्करम (78) ने अर्धशतक लगाए।
जवाब में कंगारू टीम ने जोश इंग्लिस के शतक (102) की बदौलत 429 रन बनाते हुए बढ़त हासिल की।
मेजबान टीम ने दूसरी पारी में रयान रिकेल्टन (101) और वियान मुल्डर (115) के शतक की मदद से 387 रन बनाए।
आखिर में ऑस्ट्रेलियाई टीम 288 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए 111 रन पर ढेर हो गई।