मोहम्मद शमी के संन्यास पर अजिंक्य रहाणे ने दिया बड़ा बयान, जानिए क्या कहा
क्या है खबर?
तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी का टेस्ट क्रिकेट का सफर अब समाप्त हो गया है। शुक्रवार को इस अनुभवी खिलाड़ी ने क्रिकेट के सबसे लंबे प्रारूप से संन्यास का ऐलान किया। इसके साथ ही टेस्ट क्रिकेट में उनका 13 साल का सफर थम गया। दिलचस्प बात यह है कि शमी ने 6 नवंबर, 2013 को ही टेस्ट क्रिकेट में डेब्यू किया था। अब उनके साथी खिलाड़ी और पूर्व भारतीय बल्लेबाज अजिंक्य रहाणे ने उनको लेकर बड़ा बयान दिया है।
बयान
रहाणे ने शमी को लेकर क्या कहा?
रहाणे ने सोनी स्पोर्ट्स नेटवर्क से कहा कि चाहे टेस्ट क्रिकेट हो या वनडे शमी ने अपनी गेंदबाजी से भारत को कई मुकाबले जिताए हैं।
उन्होंने मुश्किल दौर का भी सामना किया है, लेकिन मैदान पर आकर हमेशा अपनी प्रतिबद्धता और खेलने के इरादे को दिखाया है।
उन्होंने आगे कहा कि भारतीय टीम खुशकिस्मत थी कि शमी उसके साथ थे। नेट्स में उनका सामना करना सबसे मुश्किल होता था। वह सबसे गेंदबाज थे।
गेंदबाजी
शमी की वापसी को लेकर रहाणे ने कही ये बात
रहाणे ने शमी की वापसी पर कहा, "वह जिस तरह से गेंदबाजी करते थे, वह कमाल था। उनकी सीम पोजिशन शानदार थी। जब भी चुनौतीपूर्ण स्थिति आती थी, वह कहते थे कि वह मैच जिताएंगे। उनका रवैया हमेशा ऐसा ही रहा। उन्होंने वापसी की पूरी कोशिश की। जिस तरह से वह खेल रहे थे। इतने अनुभवी खिलाड़ी, जिन्होंने काफी क्रिकेट खेला है, घरेलू क्रिकेट में लौटे, अपना पूरा दम लगाया और अच्छा प्रदर्शन भी किया। उन्हें मौका मिलना चाहिए था।"
अनुभवी
मैं एक बार फिर उन्हें खेलता देखना चाहता था- रहाणे
रहाणे ने आगे कहा, "आप किसी अनुभवी खिलाड़ी से हर बार अच्छा प्रदर्शन करने की उम्मीद नहीं कर सकते। ऐसे समय में उसका अनुभव काम आता है। मैं चाहता था कि उनको मौका मिले, जैसे भुवनेश्वर कुमार ने वापसी की थी। उनके पास कौशल है और उनके हाथों में जादू है। वह रणजी ट्रॉफी में भी विकेट ले रहे थे। उन्होंने जिस तरह की मेहनत की थी, उसे देखते हुए मैं उन्हें एक बार फिर टेस्ट खेलते देखना चाहता था।"
करियर
ऐसा रहा शमी का टेस्ट करियर
शमी ने अपना पहला टेस्ट साल 2013 में वेस्टइंडीज क्रिकेट टीम के खिलाफ खेला था।
उन्होंने अपने टेस्ट करियर में 64 मुकाबले खेले। इस दौरान 122 पारियों में 27.71 की औसत से 229 विकेट लिए। उन्होंने 6 बार 5 विकेट हॉल और 12 बार 4 विकेट हॉल अपने नाम किए। उनका सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी प्रदर्शन 6/56 का रहा।
उन्होंने अपने टेस्ट करियर में सबसे ज्यादा 11 टेस्ट में 48 विकेट दक्षिण अफ्रीका क्रिकेट टीम के खिलाफ लिए।