AI से खेती में क्रांति लाने के लिए सिजेंटा ने IIT रोपड़ से मिलाया हाथ
सिंजेंटा ने भारतीय कृषि को आधुनिक बनाने के लिए भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) रोपड़ और अन्नम डॉट AI (ANNAM.AI) के साथ मिलकर काम शुरू किया है।
उनका मकसद है खेतों तक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को पहुंचाना। उनका लक्ष्य है किसानों को फसल से जुड़े जोखिमों और टिकाऊ खेती जैसी चुनौतियों से लड़ने में मदद करना।
वे इसके लिए स्मार्ट टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करेंगे। इसी कड़ी में उन्होंने हैककोर 2026 नाम का 3 दिन का हैकथॉन भी आयोजित किया।
इसमें कई आविष्कारकों ने खेती-किसानी से जुड़ी AI समस्याओं के समाधान पर खूब दिमाग लगाया।
सीडकोडर्स बनी हैककोर 2026 की विजेता
इस हैकथॉन में 2,800 लोग शामिल हुए थे। इन सभी में से सीडकोडर्स की टीम ने बाजी मारी। उनकी बनाई एग्रोवाणी AI नाम की तकनीक ने पहला इनाम जीता है।
यह तकनीक किसानों को फसल के बचे हुए हिस्से से पैसे कमाने, खेती से जुड़े उत्पादों के बारे में सलाह पाने और एग्रोसाथी नाम के AI असिस्टेंट से चैट करने में मदद करती है।
इनाम के तौर पर इस टीम को इटली के अटेसा शहर में मौजूद सिंजेंटा के बायोलॉजिकल्स सेंटर देखने जाने का भी मौका मिलेगा।
इस मौके पर सिंजेंटा समूह के मुख्य सूचना अधिकारी (CIO) और डिजिटल अधिकारी फिरोज शेख ने बताया, "हमने यह प्लेटफॉर्म इसलिए बनाया था, ताकि युवा आविष्कारक, शोधकर्ता और टेक्नोलॉजी विशेषज्ञों साथ आएं और खेती से जुड़ी असली समस्याओं पर काम करें।"