शोधकर्ताओं ने स्तन कैंसर के बेहतर इलाज के लिए बनाया AI टूल
साउथेम्प्टन के शोधकर्ताओं ने सेंसेगनेट नाम का एक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) टूल बनाया है, जो स्तन कैंसर के इलाज के तरीके में बदलाव ला रहा है।
127 मरीजों के टिश्यू के नमूने की जांच के बाद AI ने कोशिकाओं में 2 अलग-अलग तरह की असामान्यताएं ढूंढ निकालीं। पहले इन सभी को एक ही तरह की असामान्यता माना जाता था। ये पैटर्न कैंसर के बढ़ने में अलग-अलग भूमिका निभा सकते हैं।
सेंट्रोसोम से जुड़ा है कैंसरा का खतरा
अध्ययन से पता चला है कि जिन ट्यूमर में बढ़े हुए सेंट्रोसोम ज्यादा पाए जाते हैं, वे अक्सर ज्यादा आक्रामक होते हैं और उनके फैलने का खतरा भी ज्यादा होता है। दूसरी तरफ, जिन मरीजों के ट्यूमर के बीच में कम बढ़े हुए सेंट्रोसोम मिले, उनका कुल जीवनकाल बेहतर पाया गया।
शोध का नेतृत्व कर रहे डॉ. सलाह एलियास ने बताया कि सेंसेगनेट का बारीक विश्लेषण चिकित्सकों को उन मरीजों की पहचान करने में मदद करेगा, जिन्हें ज्यादा खतरा है।
इससे वे हर मरीज के लिए अलग से इलाज तैयार कर पाएंगे। हालांकि, अभी यह टूल सीधे अस्पतालों में इस्तेमाल के लिए तैयार नहीं है। फिर भी, इसे शरीर के दूसरे हिस्सों जैसे किडनी, कोलन और अपेंडिक्स के टिश्यू सैंपल्स पर भी इस्तेमाल करके देखा जा सकता है।