आज लगेगा साल का पहला सूर्य ग्रहण, कब और कैसे देख सकेंगे इसे आप?
क्या है खबर?
2026 का पहला सूर्य ग्रहण आज (17 फरवरी) लगने वाला है। यह एक सालाना यानी एनुलर सूर्य ग्रहण है, जिसमें चांद सूरज के बीच से गुजरते हुए उसके बीच वाले हिस्से को ढक लेता है। इस दौरान सूरज के चारों ओर आग की अंगूठी जैसी रोशनी दिखाई देती है, जिसे 'रिंग ऑफ फायर' कहा जाता है। यह खगोलीय घटना खास मानी जाती है और दुनियाभर के खगोल प्रेमी इसे देखने के लिए उत्साहित हैं।
ग्रहण
भारत के समय के अनुसार कब होगा ग्रहण?
यह सूर्य ग्रहण भारतीय समय के अनुसार दोपहर 12:31 बजे शुरू होगा। यह करीब 2 मिनट 20 सेकंड तक अपने मुख्य चरण में रहेगा और लगभग 12:33 बजे तक खत्म हो जाएगा। हालांकि, इसका पूरा असर केवल दुनिया के सीमित इलाकों में ही देखा जा सकेगा। यह समय खगोल विज्ञान की गणना के आधार पर तय किया गया है और दुनिया के अलग-अलग हिस्सों में समय अलग हो सकता है।
भारत
क्या भारत से दिखाई देगा यह ग्रहण?
यह सूर्य ग्रहण भारत से दिखाई नहीं देगा, क्योंकि इसका एनुलर पाथ पूर्वी अंटार्कटिका से होकर गुजरेगा। दक्षिणी अफ्रीका और दक्षिण अमेरिका के कुछ हिस्सों में आंशिक सूर्य ग्रहण देखा जा सकेगा। भारत में लोग इस खगोलीय घटना को सीधे नहीं देख पाएंगे। जो लोग इसे देखना चाहते हैं, वह अंतरराष्ट्रीय स्पेस एजेंसियों या वेधशालाओं के ऑनलाइन लाइव प्रसारण के जरिए इस बड़े खगोलीय घटना को लाइव देख सकते हैं।
सुरक्षा
सुरक्षित तरीके से ग्रहण कैसे देखें?
सूर्य ग्रहण को कभी भी नंगी आंखों से नहीं देखना चाहिए, क्योंकि इससे आपकी आंखों को स्थायी नुकसान हो सकता है। इसे देखने के लिए हमेशा किसी ISO सर्टिफाइड सूर्य ग्रहण चश्मे का ही उपयोग करें। दूरबीन या टेलीस्कोप में सोलर फिल्टर लगा होना जरूरी है। पिनहोल प्रोजेक्टर जैसे सुरक्षित तरीके भी अपनाए जा सकते हैं। कभी भी ग्रहण देखने से पहले मौसम की स्थिति जांच लेना जरूरी होता है।