वैज्ञानिकों ने खोजा परमाणु ईंधन का हथियारों में उपयोग रोकने का तरीका
परमाणु सुरक्षा के क्षेत्र में वैज्ञानिकों को बड़ी सफलता मिली है। उन्होंने रिएक्टर के नजदीक गए बिना ही इस्तेमाल हो चुके परमाणु ईंधन से निकलने वाले न्यूट्रिनो सिग्नल्स का पता लगा लिया है।
चूज B पावर प्लांट से 400-मीटर की दूरी पर एक डिटेक्टर लगाया गया था। इसकी मदद से अब दूर बैठे ही इस्तेमाल हो चुके ईंधन पर नजर रखी जा सकती है, जिससे इसे हथियारों के गलत इस्तेमाल से रोका जा सकेगा।
न्यूट्रिनो सिग्नल्स से खर्च ईंधन की पुष्टि संभव
न्यूट्रिनो बेहद छोटे कण होते हैं, जो रिएक्टर के पुराने ईंधन के टूटने पर निकलते हैं। केवल 2.5 सप्ताह के भीतर, जब दोनों रिएक्टरों को बंद किया गया था तो वैज्ञानिकों ने लगभग 106 संभावित न्यूट्रिनो घटनाओं का पता लगाया। इनमें से 56 फीसदी रिएक्टर के कोर से मिलीं और 44 फीसदी कूलिंग पूल से आई थीं।
इन खास न्यूट्रिनो सिग्नल्स को पहचानकर वे दोबारा जांच कर सकते हैं कि कहीं कोई ईंधन गायब तो नहीं हुआ है। इस तकनीक की मदद से खर्च हो चुके ईंधन के भंडार की दूर से ही पुष्टि की जा सकती है।