लॉन्ड्री व्यवसायी ने शेयर ट्रेडिंग ठगी में गंवाए 1.15 करोड़ रुपये, आप ऐसे रहें सुरक्षित
क्या है खबर?
महाराष्ट्र के पुणे से साइबर अपराध का एक बड़ा मामला सामने आया है, जहां साइबर जालसाजों ने एक 48 वर्षीय व्यक्ति से करीब 1.15 करोड़ रुपये की ठगी की है। पीड़ित एक लॉन्ड्री व्यवसाय चलाते हैं। उन्हें शेयर बाजार में निवेश के नाम पर फंसाया गया और कुछ ही हफ्तों में उनसे बड़ी रकम ट्रांसफर करवा ली गई। इस मामले की शिकायत के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
मामला
व्हाट्सऐप ग्रुप से शुरू हुई ठगी
शिकायत के अनुसार, पीड़ित को एक व्हाट्सऐप ग्रुप में जोड़ा गया था। ग्रुप में खुद को शेयर बाजार एक्सपर्ट बताने वाले लोग नियमित ट्रेनिंग और मोटे मुनाफे का दावा कर रहे थे। नकली स्क्रीनशॉट दिखाकर भरोसा जीता गया। इसके बाद उनसे एक ट्रेडिंग ऐप डाउनलोड कराया गया और निवेश के नाम पर कई बार पैसे ट्रांसफर करवाए गए। ऐप में फर्जी मुनाफा दिखाकर उन्हें लगातार और निवेश करने के लिए उकसाया गया।
ठगी
निकासी के नाम पर मांगे गए और पैसे
जब पीड़ित ने अपने पैसे निकालने की कोशिश की तो उनसे टैक्स और प्रोसेसिंग फीस के नाम पर अतिरिक्त रकम मांगी गई। तब तक वह कुल 1.15 करोड़ रुपये अलग-अलग अकाउंट्स में भेज चुके थे। बाद में उन्हें शक हुआ कि उनके साथ धोखा हुआ है। इसके बाद उन्होंने अपने परिवार के साथ साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस अब बैंक अकाउंट्स और मोबाइल नंबरों की जांच कर रही है।
सुरक्षा
ऐसे रहें साइबर ठगी से सुरक्षित
पुलिस ने लोगों को सलाह दी है कि किसी भी अनजान व्हाट्सऐप या टेलीग्राम ग्रुप में निवेश से जुड़ी सलाह पर भरोसा न करें। किसी भी ऐप को डाउनलोड करने से पहले उसकी आधिकारिक जानकारी जांच लें। ज्यादा मुनाफे का लालच अक्सर ठगी का संकेत होता है। अपनी बैंक और निजी जानकारी किसी से साझा न करें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत करें और सतर्क रहें।