कंपनियां AI डाटा सेंटर के विरोध को शांत करने का कर रहीं प्रयास
अमेरिका में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) डाटा सेंटर तो हर जगह खुलते जा रहे हैं, लेकिन हर कोई इस बात से खुश नहीं है। जैसे जॉर्जिया के सवाना शहर में लोगों ने OpenAI के एक डाटा सेंटर के प्लान का विरोध किया।
दूसरी तरफ, गिलरॉय के निवासियों ने भी अमेजन के डाटा सेंटर को लेकर अपनी चिंताएं जताई हैं। उनकी चिंता है कि इन सेंटर्स में बहुत ज्यादा पानी का इस्तेमाल होगा, जिससे बिजली के बिल भी बढ़ सकते हैं। साथ ही, उन्हें लगता है कि उनकी राय के बिना ही ये फैसले लिए जा रहे हैं।
टेक कंपनियां दे रही हैं सुविधाएं
लोगों के संदेह को दूर करने के लिए टेक कंपनियां अब कुछ सुविधाएं भी दे रही हैं। OpenAI और मेटा जैसी कंपनियां छात्रों को कोडिंग के लिए लाखों रुपये का क्रेडिट दे रही हैं या फिर स्थानीय प्रोजेक्ट्स के लिए बड़ा फंड मुहैया करा रही हैं।
माइक्रोसॉफ्ट ने भी पारदर्शिता बढ़ाने के लिए गोपनीयता समझौतों को खत्म करना शुरू कर दिया है, वहीं गूगल और अमेजन ने यह भी वादा किया है कि वे अपनी ऊर्जा लागत खुद वहन करेंगे, ताकि ग्राहकों के बिल स्थिर रहें।
फिर भी, बहुत से लोग मानते हैं कि ये कदम पर्यावरण या स्थानीय समुदायों के लिए शायद पर्याप्त नहीं हैं।