AI को नियंत्रित रखने में पुराने तरीके नाकाम, अध्ययन में खुलासा
एक नई रिपोर्ट में कहा गया है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को नियंत्रित में रखने के पुराने तरीके अब कारगर नहीं रहे। खासकर तब जब कंपनियां बड़े और ज्यादा मुश्किल कामों के लिए AI का इस्तेमाल करना शुरू कर रही हैं।
इस अध्ययन में बताया गया है कि AI सिस्टम आजकल कितने अप्रत्याशित हो गए हैं, ऐसे में उनकी समीक्षा करने वाले बोर्ड और निर्धारित सिद्धांत भी उनके साथ तालमेल नहीं बिठा पा रहे हैं।
एंटरप्राइज AI हार्नेस टूलकिट का सुझाव
रिपोर्ट में 'एंटरप्राइज AI हार्नेस' नाम के एक टूलकिट का सुझाव दिया गया है। असल में, यह एक ऐसा साधन है, जो AI को सही दिशा में रखने में काम आएगा।
इसके जरिए लगातार यह जांच की जा सकेगी कि AI वही कर रहा है, जो उससे उम्मीद की जाती है। साथ ही, यह उसकी सीमाएं भी तय करेगा, ताकि वह अपनी तय हदों को पार न करे। इसके अलावा, यह कंपनियों को यह देखने में भी मदद करेगा कि उनका AI असल में क्या काम कर रहा है। इसका मुख्य लक्ष्य यही है कि जैसे-जैसे कारोबार में AI का दायरा बढ़े और उसमें बदलाव आए, कंपनियां अपने AI पर पूरा भरोसा रख सकें।