AI से कंपनियां कर रहीं कर्मचारियों का शोषण, लेखिका कैरन हाओ का बड़ा आरोप
लेखिका कैरन हाओ का मानना है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की सबसे बड़ी समस्या सिर्फ तकनीकी दिक्कतें या हैकिंग नहीं, बल्कि बड़ी-बड़ी कंपनियां इसका इस्तेमाल ताकत हासिल करने और कर्मचारियों का शोषण करने के लिए कर रही हैं।
हाल ही में ब्लूमबर्ग को दिए एक साक्षात्कार में उन्होंने बताया कि ये मुद्दे अर्थव्यवस्था में बड़ा बदलाव ला रहे हैं और लोगों की जिंदगी पर ऐसा गहरा असर डाल रहे हैं, जो अखबारों की सुर्खियों में रहने वाली सुरक्षा से जुड़ी सेंधमारियों से कहीं ज्यादा है।
कंपनियां बिना सही भुगतान के कर रहीं डाटा का इस्तेमाल
हाओ ने बड़ी AI कंपनियों को पुराने साम्राज्यों जैसा बताया है। उनका कहना है कि ये कंपनियां हमारे डाटा और क्रिएटिव काम का इस्तेमाल कर बिना सही भुगतान किए अमीर बनती जा रही हैं।
उन्होंने यह बात भी उठाई कि AI तैयार करने में बहुत पढ़े-लिखे कर्मचारियों की जरूरत पड़ती है, लेकिन उन्हें अक्सर कम वेतन और मुश्किल हालातों में काम करना पड़ता है।
इतना ही नहीं, ऑटोमेशन की वजह से कई जानकार कर्मचारियों को नई नौकरियां मिलने की बजाय, वे अनिश्चित गिग जॉब्स की तरफ धकेले जा रहे हैं।
हाओ का मानना है कि AI अब कंपनियों के लिए कर्मचारियों का और भी ज्यादा शोषण करने का एक औजार बन गया है।