इंटरनेशनल केमिस्ट्री ओलंपियाड में भारत ने 27 साल बाद जीते 4 स्वर्ण पदक
भारतीय छात्रों ने उज्बेकिस्तान में आयोजित 58वें इंटरनेशनल केमिस्ट्री ओलंपियाड (IChO) में एक नया इतिहास रच दिया है। उन्होंने 4 स्वर्ण पदक अपने नाम किए, जो पिछले 27 सालों में पहली बार हुआ है।
इसके अलावा, 38वें इंटरनेशनल बायोलॉजी ओलंपियाड (IBO) में भी टीम ने एक स्वर्ण और 3 रजत पदक जीते। इस शानदार प्रदर्शन से उन्होंने दुनियाभर के प्रतिस्पर्धियों को पीछे छोड़ दिया।
केमिस्ट्री टीम ने हासिल किया संयुक्त रूप से पहला स्थान
ये दोनों ही ओलंपियाड दुनिया की बेहद प्रतिष्ठित प्रतियोगिताएं हैं, जिनमें सैद्धांतिक और व्यावहारिक दोनों तरह के कठिन प्रश्न पूछे जाते हैं।
भारतीय केमिस्ट्री टीम, जिसमें देबदत्त प्रियदर्शी, हर्षित सिंघल, कबीर छिल्लर और संदीप कुची शामिल हैं, दुनिया के सर्वश्रेष्ठ छात्रों के साथ संयुक्त रूप से पहले स्थान पर रही।
बायोलॉजी टीम ने भी HBCSE-TIFR के अनुभवी प्रशिक्षकों की देखरेख में कड़ी मेहनत की। इंटरनेशनल केमिस्ट्री ओलंपियाड, इंटरनेशनल बायोलॉजी ओलंपियाड और इंटरनेशनल फिजिक्स ओलंपियाड में इस साल मिले इन पदकों से भारतीय छात्रों ने यह साबित कर दिया है कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर प्रतिभा और कड़ी मेहनत से कुछ भी हासिल किया जा सकता है।