इंस्टाग्राम और फेसबुक पर खुद को फिशिंग ठगी से कैसे रखें सुरक्षित?
क्या है खबर?
आजकल इंस्टाग्राम और फेसबुक यूजर्स को फिशिंग स्कैम से सावधान रहने की जरूरत है। फिशिंग वह तरीका है, जिसमें ठग नकली ईमेल या मैसेज भेजकर लोगों की पर्सनल जानकारी चुराने की कोशिश करते हैं। कई बार मैसेज में अकाउंट बंद करने या बैन करने की धमकी दी जाती है। अगर कोई यूजर गलती से जानकारी दे देता है, तो उसका अकाउंट हैक होकर स्पैम और धोखाधड़ी के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है।
ठगी
कैसे जालसाज बनाते हैं शिकार?
जालसाज अक्सर खुद को इंस्टाग्राम या फेसबुक की टीम बताकर ईमेल या मैसेज भेजते हैं। इनमें कहा जाता है कि अकाउंट में कोई समस्या है और तुरंत लॉगिन करना जरूरी है। मैसेज में दिए गए लिंक पर क्लिक करने पर नकली वेबसाइट खुलती है, जहां यूजरनेम और पासवर्ड मांगा जाता है। जैसे ही जानकारी डाली जाती है, जालसाज अकाउंट पर कब्जा कर लेते हैं और उसका गलत इस्तेमाल शुरू कर देते हैं।
बचाव
संदिग्ध मैसेज से रहें सावधान
अगर कोई ईमेल पैसे मांगता है, इनाम देने का दावा करता है या अकाउंट बंद करने की धमकी देता है तो उस पर भरोसा न करें। हमेशा ईमेल एड्रेस ध्यान से जांचें कि वह मेटा या फेसबुक के आधिकारिक डोमेन से जुड़ा है या नहीं। किसी भी अनजान लिंक या अटैचमेंट पर क्लिक करने से बचें। अपना पासवर्ड, बैंक या कार्ड की जानकारी कभी भी मैसेज के जरिए साझा न करें।
जरुरी कदम
सुरक्षा बढ़ाने के आसान उपाय
इंस्टाग्राम और फेसबुक अकाउंट को सुरक्षित रखने के लिए टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन (2FA) जरूर चालू करें, ताकि अतिरिक्त सुरक्षा मिल सके। इससे लॉगिन के समय एक अतिरिक्त सुरक्षा कोड मांगा जाता है, जो आपके मोबाइल या ऐप पर आता है। नियमित रूप से पासवर्ड बदलते रहें और मजबूत, अलग-अलग पासवर्ड का इस्तेमाल करें। अगर कोई संदिग्ध मैसेज या लिंक मिले तो उसे तुरंत रिपोर्ट करें और क्लिक न करें। थोड़ी सी सावधानी आपके सोशल मीडिया अकाउंट को सुरक्षित रख सकती है।