गूगल ने भारत में क्रोम के जेमिनी में जोड़ा ऑटो ब्राउज फीचर, जानिए क्या मिलेगा फायदा
क्या है खबर?
गूगल भारत में जेमिनी का 'ऑटो-ब्राउज' फीचर लाकर क्रोम को इस्तेमाल करने में थोड़ा आसान बना रही है। यह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) असिस्टेंट अब केवल सवालों के जवाब देने या वेब पेज का सारांश बताने से कहीं ज्यादा काम कर सकता है। यह असल में वेबसाइट्स पर नेविगेट कर सकता है और आपके लिए कई चरणों वाले काम भी पूरे कर सकता है। इसके अलावा, नैनो बनाना का इस्तेमाल करके इमेज बना या एडिट कर सकता है।
फायदा
अलग-अलग वेबसाट्स खोलने से मिलेगी मुक्ति
आप इससे बिना तरीका बताए किसी इवेंट के लिए पार्किंग बुक करने, कोई लंबा ऑनलाइन फॉर्म भरने या सप्ताह भर का राशन ऑर्डर करने के लिए कह सकते हैं।
गूगल का कहना है कि ऑटो ब्राउज टास्क शुरू करने से पहले जेमिनी यूजर्स को एक प्लान दिखाता है।
इसमें वे वेबसाइट्स शामिल होती हैं, जिनका इस्तेमाल वह करेगा और वे पर्सनल जानकारी जो वह शेयर कर सकता है। यूजर्स कभी भी कंट्रोल अपने हाथ में ले सकते हैं।
उपलब्धता
किसके लिए उपलब्ध होगा यह फीचर?
यह फीचर अब भारत में डेस्कटॉप और एंड्रॉयड के लिए गूगल क्रोम पर उपलब्ध है, लेकिन इसमें एक शर्त है।
ऑटो ब्राउज की सुविधा केवल गूगल AI प्रो और AI अल्ट्रा सब्सक्राइबर्स के लिए ही है।
फीचर के इस्तेमाल की भी कुछ सीमाएं हैं। गूगल AI प्रो सब्सक्राइबर्स को रोजाना 20 टास्क मिलते हैं, जबकि AI अल्ट्रा सब्सक्राइबर्स को 200 टास्क मिलते हैं। गूगल का कहना है कि फीचर को सुरक्षा को ध्यान में रखकर बनाया गया है।