बच्चों को लुप्तप्राय भाषा सिखाने के लिए बनाया स्कोबॉट रोबोट
स्कोबॉट एक नया रोबॉट है, जिसे डैनियल बोयर ने बनाया है। यह 'अनीशिनाबेमोविन' जैसी लुप्तप्राय आदिवासी भाषाओं को सिखाने के लिए है।
अमेरिका में इस भाषा को बोलने वाले 10,000 से भी कम लोग बचे हैं। डैनियल बोयर को 'टिकिल मी एल्मो' से प्रेरणा मिली थी और वह चाहती थीं कि बच्चे अपनी भाषा और संस्कृति के प्रति उत्साहित हों।
उनकी गैर-लाभकारी संस्था आदिवासी युवाओं को अपने खुद के स्कोबॉट बनाना सिखाती है। ये रोबॉट जंगल के जीवों जैसे दिखते हैं और उन पर आदिवासी फूलों की कलाकारी की गई है।
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की मदद से ये रोबॉट पहले से रिकॉर्ड की गई ऑडियो फाइल्स चलाते हैं, जिनसे बच्चों को सही पाठ मिलते हैं।
होल्डन होय ने प्रदर्शित किया साबे स्कोबॉट
मिशिगन के एक स्कूल साइंस फेयर में 12 साल के ओजिब्वे छात्र होल्डन होय ने अपना स्कोबॉट 'साबे' दिखाया। यह रोबॉट 'अनीशिनाबेमोविन' भाषा बोलने के लिए प्रोग्राम किया गया था।
होल्डन बिगफुट से प्रेरित थे, जिसे ईमानदारी का प्रतीक माना जाता है। उन्होंने कहा कि सांस्कृतिक कामों के लिए सिर्फ AI पर निर्भर रहना ठीक नहीं है। उनके मुताबिक, भाषा ही संस्कृति है।