ब्राजील ने डाटा उल्लंघन मामले में टिक-टॉक पर लगाया भारी जुर्माना
ब्राजील ने टिक-टॉक की मूल कंपनी बाइटडांस पर 13 से 18 साल के किशोरों के डाटा को गलत तरीके से संभालने के आरोप में लगभग 2.98 करोड़ डॉलर (करीब 280 करोड़ रुपये) का जुर्माना लगाया है।
नियामक ने अपनी जांच में पाया कि इस दौरान टिक-टॉक ने कम से कम 80 लाख बच्चों के डाटा को प्रोसेस किया था। यह ऐप के उम्र जांचने वाले सिस्टम में बड़ी कमियों को दर्शाता है।
यह फैसला फ्रांस और ऑस्ट्रेलिया जैसे कई देशों में सोशल मीडिया कंपनियों द्वारा युवा यूजर्स के डाटा को संभालने के तरीकों पर बढ़ती सख्ती की वैश्विक मुहिम का हिस्सा है।
किशोरों का डाटा डिलीट करने का दिया आदेश
ब्राजील के अधिकारियों ने टिक-टॉक की उम्र जांचने वाली कमजोर प्रणाली की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने खासकर ऐप के 'लॉग्ड-आउट फीड' फीचर पर चिंता जताई, जिससे किशोरों समेत कोई भी व्यक्ति बिना साइन-अप किए सामग्री देख सकता है।
अब बाइटडांस को प्लेटफॉर्म पर रजिस्टर्ड किशोरों का निजी डाटा 60 दिनों के भीतर हटाना होगा। अगर, तय समय सीमा में माता-पिता या कानूनी अभिभावकों की आवश्यक अनुमति और दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए जाते हैं तो कंपनी को हर दिन के हिसाब से जुर्माना भरना होगा।
इसके साथ ही, ब्राजील अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स की भी समीक्षा कर रहा है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि वे बच्चों की सुरक्षा से जुड़े नए नियमों का पालन कर रहे हैं।