अमेरिकी सरकार ने सरकारी डिवाइसों में टिक-टॉक के उपयोग से हटाया प्रतिबंध
अमेरिकी सरकार ने सरकारी डिवाइसों पर टिक-टॉक से प्रतिबंध हटा दिया है। यह प्रतिबंध 2022 में डाटा प्राइवेसी और चीन की पहुंच को लेकर पैदा हुई चिंताओं की वजह से लगाया गया था।
अब टिक-टॉक के अमेरिकी यूजर डाटा का प्रबंधन एक नई कंपनी टिक-टॉक USDS कर रही है, जिसमें ज्यादातर अमेरिकी और वैश्विक निवेशक शामिल हैं।
अधिकारियों का मानना है कि इन बदलावों के बाद सुरक्षा से जुड़ी सभी चिंताएं दूर हो गई हैं।
ओरेकल के क्लाउड सर्वर पर स्टोर होगा डाटा
इस नए सिस्टम में बाइटडांस की हिस्सेदारी अब बहुत कम रह गई है। अमेरिका के सभी यूजर डाटा को अब अमेरिका में ही ओरेकल के क्लाउड सर्वर पर सुरक्षित रखा जा रहा है।
टिक-टॉक ने अपनी प्राइवेसी से जुड़े नियमों को भी और कड़ा कर दिया है, ताकि डाटा तक कोई अनाधिकृत पहुंच न बना सके। कंपनी ने अपने वीडियो रिकमेंडेशन एल्गोरिदम को भी फिर से तैयार किया है, जो अब केवल अमेरिका में स्टोर किए गए डाटा का ही इस्तेमाल करता है।