भारत के 78 लाख छात्रों को AI युग के लिए तैयार कर रहे एडोब और यूनिसेफ
एडोब और यूनिसेफ ने 7 राज्य सरकारों के साथ हाथ मिलाया है, ताकि भारत के 78 लाख छात्रों और शिक्षकों को डिजिटल और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) कौशल में बेहतर बनाया जा सके।
इस प्रोग्राम में 'एडोब एक्सप्रेस फॉर एजुकेशन' का इस्तेमाल होगा, जिससे बच्चों में रचनात्मक तरीके से समस्याओं को सुलझाने और AI की मदद से कंटेंट बनाने की क्षमता बढ़ेगी।
एडोब का लक्ष्य है कि 2030 तक दुनियाभर के 3 करोड़ विद्यार्थियों को इन कौशल से लैस किया जाए और यह पहल भारत की राष्ट्रीय शिक्षा नीति के मुताबिक भी है।
इन राज्यों में शुरू होगी पहल
यह पहल दिल्ली, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, गोवा, असम, बिहार और तमिलनाडु से शुरू हो रही है। इसका मुख्य लक्ष्य है कि डिजिटल ज्ञान को स्कूल के रोजमर्रा के जीवन का एक अहम हिस्सा बना दिया जाए।
एडोब में क्रिएटिव क्लाउड की उपाध्यक्ष माला शर्मा का कहना है, "इस साझेदारी के जरिए हम एडोब एक्सप्रेस जैसे क्लासरूम के लिए तैयार AI टूल्स सीधे स्कूलों तक पहुंचा रहे हैं।"
इतना ही नहीं कोर्सेरा और लिंक्डइन लर्निंग जैसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर भी इस कार्यक्रम से जुड़े रिसोर्स उपलब्ध होंगे। इससे छात्र और शिक्षक दोनों ही अपने कौशल को बढ़ा पाएंगे और JNU की क्रिएटिव एकेडमी जैसी पहलों के जरिए उन्हें आगे चलकर बेहतर नौकरी के अवसर भी मिल सकते हैं।