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डिजिटल प्राइवेसी को संभालने में कमाल हैं ये 5 AI टूल 
AI टूल्स डाटा प्राइवेसी को बढ़ाते हैं

डिजिटल प्राइवेसी को संभालने में कमाल हैं ये 5 AI टूल 

May 06, 2026
06:55 pm

क्या है खबर?

डिजिटल प्राइवेसी पहले से कहीं ज्यादा जरूरी हो गई है। इसकी वजह यह है कि कंपनियों को बढ़ते हुए नियमों और डाटा सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) प्राइवेसी मैनेजमेंट टूल नियमों का पालन खुद-ब-खुद करते हैं, मैनुअल काम को कम करते हैं और अलग-अलग सिस्टम में पर्सनल डाटा कैसे इस्तेमाल हो रहा है, इसकी तुरंत जानकारी देते हैं। यहां डिजिटल प्राइवेसी मैनेज करने वाले 5 AI टूल दिए गए हैं।

#1

सिक्योरिटी: डाटा खोजने और गोपनीय करने में उपयोगी 

सिक्योरिटी अपनी AI से चलने वाली डाटा खोजने और गोपनीय करने की सुविधाओं के साथ सबसे आगे है। यह क्लाउड, सॉफ्टवेयर एज ए सर्विस (SaaS) और ऑन-प्रेमिसेस सिस्टम में मौजूद स्ट्रक्चर्ड और अनस्ट्रक्चर्ड डाटा को अपने आप स्कैन करता है, ताकि निजी और संवदेनशील जानकारी को तुरंत पहचाना जा सके। यह प्लेटफॉर्म GDPR और ग्लोबल प्राइवेसी नियमों के हिसाब से अपने आप रिकॉर्ड ऑफ प्रोसेसिंग एक्टिविटीज (RoPA) बनाता है, जिससे मैनुअल डॉक्यूमेंटेशन की परेशानी खत्म हो जाती है।

#2

केच: डिजाइन के हिसाब से प्राइवेसी को ऑटोमेट करना

केच की असली खासियत उसकी 'प्राइवेसी बाय डिजाइन' ऑटोमेशन और डेवलपर-फ्रेंडली API हैं। इससे कंपनियां शुरुआत से ही अपने डाटा सिस्टम में प्राइवेसी जोड़ सकती हैं। रियल-टाइम डाटा डिस्कवरी से सभी सोर्स में होने वाले बदलावों पर लगातार नजर रखी जाती है। यह पर्सनल डाटा और उससे जुड़ी परमिशन पर लगातार नजर रखता है। साथ ही GDPR और CCPA नियमों का भी पूरी तरह से पालन करता है। इससे डाटा को सुरक्षा मिलती है।

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#3

वेलोटिक्स: AI-पावर्ड सिक्योरिटी से गवर्नेंस को आसान बनाना

वेलोटिक्स एक AI-पावर्ड डाटा सिक्योरिटी प्लेटफॉर्म है, जो गवर्नेंस को आसान बनाता है और डाटा तक सुरक्षित पहुंच को तेज करता है। यह सबसे पहले संगठन के दायरे को स्कैन करता है, ताकि सिक्योरिटी रिस्क का पता लगाया जा सके और मौजूदा परमिशन का आकलन किया जा सके। AI से संचालित पॉलिसी रिकमेंडेशन के साथ यह संदर्भ और पॉलिसी के आधार पर सही परमिशन असाइनमेंट को ऑटोमेट करता है, जिससे सख्त मैनुअल कंट्रोल पर निर्भरता खत्म हो जाती है।

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#4

स्प्रिंटो: प्राइवेसी पॉलिसीज का लगातार मूल्यांकन

स्प्रिंटो AI की मदद से पॉलिसी में मौजूद कमियों का आकलन करने के साथ-साथ मैप्ड कंट्रोल और नियमों के खिलाफ लगातार मूल्यांकन करता है। यह ऑडिट शुरू होने से पहले ही आपकी पॉलिसी में गड़बड़ियों को बताता है और उनको जितनी जल्दी हो सके दूर करने के लिए गाइड किए गए सिफारिश भी देता है। टूल प्राइवेसी का आकलन करने, रेगुलेटरी इंटेलिजेंस अपडेट, वर्कफ्लो-ड्रिवन जवाबदेही और वैश्विक कानून के बदलावों को 24/7 ट्रैक करने में भी खास है।

#5

वनट्रस्ट: सेंट्रलाइज्ड कंसेंट मैनेजमेंट सॉल्यूशन

वनट्रस्ट GDPR-अलाइन्ड लॉजिक का इस्तेमाल करके वेब प्लेटफॉर्म पर सेंट्रलाइज्ड कंसेंट मैनेजमेंट देता है, जिससे सब्जेक्ट एक्सेस रिक्वेस्ट (SAR) को पूरा करने की प्रक्रिया को आसानी से ऑटोमेट किया जा सकता है। यह वैश्विक परिचालन में सेल्सफोर्स या जीरा जैसे मौजूदा इन्फ्रास्ट्रक्चर के साथ जुड़ जाता है, जिससे जरूरी जानकारी को सुरक्षित रूप से खोजने, निकालने और हटाने में कम मेहनत लगती है। यह TRUSTe सर्टिफिकेशन को भी बनाए रखता है,, जो दुनियाभर में जवाबदेही प्रोग्राम को मान्य करता है।

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