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मोदी के सबसे लंबे समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री बनने पर वैश्विक नेताओं ने ऐसे दी बधाई
मोदी के सबसे लंबे समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री बनने पर वैश्विक नेताओं ने दी बधाई

मोदी के सबसे लंबे समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री बनने पर वैश्विक नेताओं ने ऐसे दी बधाई

लेखन गजेंद्र
Jun 10, 2026
10:12 am

क्या है खबर?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को भारत के सबसे लंबे समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री बने रहने का रिकॉर्ड बनाया है, जिसकी प्रशंसा करते हुए वैश्विक नेता बधाई दे रहे हैं। श्रीलंका, त्रिनिदाद और टोबैगो और पापुआ न्यू गिनी की ओर से प्रधानमंत्री मोदी को संदेश भेजा गया है। श्रीलंका के राष्ट्रपति अनुरा कुमार दिसानायका ने मोदी को लिखे एक पत्र में इस उपलब्धि को उनके कार्यकाल और दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र की जनता के विश्वास का प्रमाण बताया है।

बधाई

पापुआ न्यू गिनी के प्रधानमंत्री ने वीडियो संदेश जारी किया

प्रशांत क्षेत्र से, पापुआ न्यू गिनी के प्रधानमंत्री जेम्स मारापे ने एक व्यक्तिगत वीडियो संदेश भेजकर मोदी को बधाई दी है। उन्होंने वीडियो में मोदी को एक आदर्श और नेतृत्व का उदाहरण बताया और 2 करोड़ से अधिक भारतीयों को गरीबी से बाहर निकालने की उपलब्धि का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि मई, 2023 में पापुआ न्यू गिनी में FIPIC-III शिखर सम्मेलन के लिए मोदी की यात्रा का भी जिक्र किया, जो किसी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली यात्रा थी।

संदेश

त्रिनिदाद और टोबैगो के प्रधानमंत्री का संदेश

त्रिनिदाद और टोबैगो की प्रधानमंत्री कमला पर्सद-बिसेसर ने प्रशंसा करते हुए कहा कि मोदी के नेतृत्व में भारत वैश्विक मामलों पर एक अग्रणी आवाज के रूप में उभरा है। बता दें कि मोदी ने जुलाई 2025 में त्रिनिदाद और टोबैगो का दौरा किया था, जो 26 वर्षों में पहली द्विपक्षीय भारतीय प्रधानमंत्रित्व यात्रा थी। यात्रा का समय कैरेबियन देश में भारतीय गिरमिटिया प्रवासियों के आगमन की 180वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में निर्धारित किया गया था।

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उपलब्धि

विदेश मंत्रालय ने विदेश नीति की उपलब्धि बताई

विदेश मंत्रालय ने मोदी के कार्यकाल के दौरान भारत की विदेश नीति में हुए महत्वपूर्ण परिवर्तन को रेखांकित किया है। मंत्रालय ने एक्स पर बताया कि पिछले 12 साल में 'ब्रांड इंडिया' और वैश्विक मंच पर भारत की स्थिति, दोनों मजबूत हुई हैं। मंत्रालय ने कहा कि 'वैश्विक दक्षिण' की आवाज बनने, संकट के समय सबसे पहले मदद पहुंचाने, अंतरराष्ट्रीय सोलर गठबंधन और सीमा पार UPI से भारत ने राष्ट्रीय हित और वैश्विक भलाई को एक-साथ साधा है।

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