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हॉकी कप्तान, पद्मश्री और पूर्व SP; कौन हैं पंजाब कांग्रेस के नए अध्यक्ष परगट सिंह?
परगट सिंह पंजाब कांग्रेस के नए अध्यक्ष नियुक्त किए गए हैं

हॉकी कप्तान, पद्मश्री और पूर्व SP; कौन हैं पंजाब कांग्रेस के नए अध्यक्ष परगट सिंह?

लेखन आबिद खान
Oct 03, 2026
11:04 am

क्या है खबर?

विधानसभा चुनाव से कुछ महीनों पहले कांग्रेस ने परगट सिंह को पंजाब इकाई का नया अध्यक्ष नियुक्त किया है। अमरिंदर सिंह राजा वारिंग के पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष पद से इस्तीफा देने के बाद परगट को कमान सौंपी गई है। वे भारतीय हॉकी टीम के पूर्व कप्तान और ओलंपियन रह चुके हैं। उन्होंने अकाली दल से अपना सियासी करियर शुरू किया था। आइए परगट सिंह के बारे में जानते हैं।

परिचय

जालंधर के गांव में हुआ परगट का जन्म

परगट का जन्म 5 मार्च, 1965 को जालंधर जिले के मीठापुर गांव में हुआ था। उन्होंने अपनी स्कूली और कॉलेज की शिक्षा जालंधर से पूरी की।

परगट के गांव से हॉकी के कई प्रसिद्ध खिलाड़ी निकले हैं। यही वजह थी कि परगट ने भी जल्द ही हॉकी स्टिक थाम ली। अपनी लगन और अनुशासन के दम पर बहुत कम उम्र में राष्ट्रीय स्तर पर धाक जमा ली।

वे भारतीय रेलवे से भी जुड़े रहे हैं।

खेल

1985 में जर्मनी के खिलाफ मैच से बने स्टार

परगट ने 1992 के बार्सिलोना ओलंपिक और 1996 के अटलांटा ओलंपिक में भारतीय हॉकी टीम की कप्तानी की। वे 2 ओलंपिक खेलों में भारत की कप्तानी करने वाले एकमात्र खिलाड़ी हैं।

1985 पर्थ चैंपियंस ट्रॉफी में जर्मनी के खिलाफ ऐतिहासिक मैच में जब भारत 1-5 से पीछे था, तब परगट ने आखिरी 6 मिनट में 4 गोल दागकर मैच बराबर कराया। इससे वे रातों-रात स्टार बन गए।

उन्हें 1998 में भारत का राष्ट्रीय हॉकी कोच नियुक्त किया गया।

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पद्मश्री

पुलिस अधीक्षक भी रह चुके हैं परगट

परगट सियोल ओलंपिक टीम का भी हिस्सा रहे।

खेल में उनके अभूतपूर्व योगदान के लिए भारत सरकार ने उन्हें 1989 में अर्जुन पुरस्कार और 1998 में पद्मश्री से सम्मानित किया।

परगट पंजाब पुलिस में पुलिस अधीक्षक (SP) और पंजाब खेल विभाग के निदेशक के रूप में भी प्रशासनिक सेवाएं दे चुके हैं।

पंजाब के खेल निदेशक के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने गांवों में हॉकी के मैदानों के विकास सहित बेहतर खेल अवसंरचना पर जोर दिया।

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राजनीति

कैसा रहा सियासी सफर?

परगट ने 2012 में अकाली दल के टिकट पर जालंधर कैंट से चुनाव जीतकर सियासी करियर शुरू किया। 2017 में वे कांग्रेस में शामिल हो गए। 2017 और फिर 2022 के विधानसभा चुनावों में भी उन्होंने जालंधर कैंट से जीत हासिल की।

चरणजीत सिंह चन्नी सरकार में वे स्कूली शिक्षा, उच्च शिक्षा, खेल एवं युवा मामले और NRI मामलों के मंत्री रहे।

वे पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव (संगठन) भी रह चुके हैं।

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