
पश्चिम बंगाल: ममता सरकार को एक और झटका, राजीव बनर्जी ने दिया मंत्री पद से इस्तीफा
क्या है खबर?
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को एक और बड़ा झटका लगा है और शुक्रवार को वन मंत्री राजीव बनर्जी ने राज्य कैबिनेट से इस्तीफा दे दिया।
अपने इस्तीफे में उन्होंने लिखा कि बंगाल के लोगों की सेवा करना उनके लिए बड़े सौभाग्य की बात रही।
बता दें कि पिछले काफी दिनों से बनर्जी के भाजपा में शामिल होने के कयास लगाए जा रहे हैं, हालांकि उन्होंने अभी तक तृणमूल कांग्रेस (TMC) से इस्तीफा नहीं दिया है।
बयान
बनर्जी बोले- आने वाले सालों में आपकी और बेहतर सेवा करने की आशा
अपने इस्तीफे की जानकारी देते हुए बनर्जी ने एक फेसबुक पोस्ट में लिखा, 'मैंने सालों तक पूरी जिम्मेदारी और परिश्रम के साथ अपना कर्तव्य निभाने की कोशिश की। मैंने आप सब को हमेशा अपने विस्तृत परिवार का एक बड़ा हिस्सा माना है और आपके समर्थन ने मुझे हमेशा कुछ अतिरिक्त करने को प्रेरित किया है... मैं आशा करता हूं कि आने वाले सालों में मैं और बेहतर तरीके से आपकी सेवा कर पाऊंगा।'
अटकलें
बनर्जी के भाजपा में शामिल होने की अटकलें
गौरतलब है कि हालिया समय में TMC के कई विधायकों और मंत्रियों ने पार्टी से इस्तीफा दे भाजपा का दामन थामा है और राजीव बनर्जी इस कड़ी में नया नाम हो सकते हैं। वे पिछले कुछ समय से पार्टी से नाराज चल रहे थे।
अगर ऐसा होता है तो विधानसभा चुनाव से पहले यह TMC के लिए एक बड़ा झटका होगा जिसके लगभग 16 विधायक पहले ही भाजपा में शामिल हो चुके हैं।
दल-बदल
इस्तीफा देने वाले विधायकों में सुवेंदु अधिकारी भी शामिल
हालिया समय में TMC से इस्तीफा देने वाले विधायकों में से सुवेंदु अधिकारी सबसे बड़ा नाम हैं और उन्होंने 2016 विधानसभा चुनाव में TMC की जीत में बड़ी भूमिका निभाई थी।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के करीबी रहे अधिकारी का राज्य के पश्चिमी इलाके की 50 से अधिक सीटों के स्थानीय नेताओं पर प्रभाव है और इससे भाजपा को बड़ा फायदा हो सकता है।
वे ममता के भतीजे अभिषेक बनर्जी के उभार से नाराज बताए जा रहे हैं।
चुनौती
अधिकारी को चुनौती देने के लिए नंदीग्राम से चुनाव लड़ेंगी ममता
सुवेंदु अधिकारी बंगाल की राजनीति में क्या अहमियत रखते हैं, इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि उन्हें चुनौती देने के लिए खुद ममता बनर्जी नंदीग्राम से चुनाव लड़ने जा रही है।
नंदीग्राम को अधिकारी का गढ़ माना जाता है और वे भी यही से चुनाव लड़ेंगे। ममता और अधिकारी के इस मुकाबले को इस चुनाव का सबसे दिलचस्प मुकाबला माना जा रहा है और ये काफी हद तक चुनाव की तस्वीर तय कर सकता है।
मुकाबला
बंगाल में गर्मियों में होने हैं विधानसभा चुनाव
बता दें कि पश्चिम बंगाल में इस साल गर्मियों में विधानसभा चुनाव होने हैं और राज्य की 294 विधानसभा सीटों पर मुख्य टक्कर सत्तारूढ़ TMC और भाजपा के बीच मानी जा रही है।
अभी तक बंगाल में छोटी पार्टी रही भाजपा इस बार TMC के किले में सेंध लगाने की तैयारी के साथ उतरी है और इसके लिए उसने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। खुद अमित शाह चुनाव के लिए पार्टी की रणनीति तैयार कर रहे हैं।
जानकारी
शाह ने पार्टी को दिया 200 सीटें जीतने का लक्ष्य
2019 लोकसभा चुनाव में बंगाल की 42 में से 18 सीटें जीतने से भाजपा के आत्मविश्वास में इजाफा हुआ है और शाह ने राज्य भाजपा को विधानसभा चुनाव में 200 सीटें जीतने का लक्ष्य दिया है। हालांकि विशेषज्ञ इस लक्ष्य को "अति-महत्वाकांक्षी" मान रहे हैं।