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आज क्यों बंद हैं देशभर के 15 लाख से ज्यादा मेडिकल स्टोर्स?
देशभर में आज मेडिकल स्टोर्स बंद हैं

आज क्यों बंद हैं देशभर के 15 लाख से ज्यादा मेडिकल स्टोर्स?

लेखन आबिद खान
May 20, 2026
12:37 pm

क्या है खबर?

देशभर में आज मेडिकल स्टोर्स की हड़ताल है। फार्मासिस्ट, केमिस्ट और दवा डिस्ट्रीब्यूटरों के संगठन ऑल इंडिया ऑर्गनाइजेशन ऑफ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट (AIOCD) ने ये हड़ताल बुलाई है। संगठन ने ऑनलाइन दवाओं की अनियंत्रित बिक्री, कॉर्पोरेट चेन फार्मेसी द्वारा ज्यादा छूट देने और नशा युक्त दवाओं के दुरुपयोग के खिलाफ इस देशव्यापी बंद का आह्वान किया है। इस दौरान 15 लाख से ज्यादा मेडिकल स्टोर्स आज बंद हैं। आइए हड़ताल के बारे में जानते हैं।

हड़ताल

देशभर में देखने को मिल रहा हड़ताल का असर

लखनऊ, अहमदाबाद और दिल्ली सहित सभी बड़े शहरों में हड़ताल का असर देखने को मिल रहा है। ज्यादातर मेडिकल बंद हैं और अस्पतालों के आसपास केवल जरूरी दवाएं मिल रही हैं। लखनऊ में मेडिकल एसोसिएशन और फार्मा एसोसिएशन के आह्वान पर पारंपरिक दवा विक्रेताओं ने अपने मेडिकल स्टोर पूरी तरह बंद रखे हैं। गुजरात के 35,000 मेडिकल स्टोर्स ने हड़ताल को समर्थन दिया है। चंडीगढ़, इंदौर, समेत बाकी कई शहरों में भी मेडिकल बंद हैं।

ट्विटर पोस्ट

हड़ताल के दौरान पुणे में बंद मेडिकल स्टोर्स

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मांगें

क्या हैं संगठन की मांग?

संगठन का कहना है कि फिलहाल ऑनलाइन दवा बिक्री पूरी तरह गैरकानूनी है। AIOCD के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेएस शिंदे ने कहा कि ऑनलाइन दवा बिक्री नियमों का उल्लंघन करती है और उन्होंने GSR 817 अधिसूचना को रद्द करने की मांग की। संगठन की मांग है कि ऑनलाइन दवा बिक्री के लिए नई और मजबूत नियामक रूपरेखा बनाई जाए, जो ऑनलाइन दवा बिक्री को नियंत्रित कर सके। AIOCD ने ऑनलाइन दवा पर मिल रही छूट पर भी चिंता व्यक्त की है।

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आपत्ति

AIOCD को इन बातों पर आपत्ति

ऑनलाइन ऐप्स गलत या फर्जी प्रिस्क्रिप्शन पर भी दवाइयां दे रहे हैं। बाजार में मौजूद दुकानें प्रिस्क्रिप्शन के आधार पर दवाएं देती हैं और रिकॉर्ड रखती हैं, जबकि ई-फार्मेसी ऐसी दवाएं बिना वैध प्रिस्क्रिप्शन के बेच रही हैं। दवाओं की कीमतें राष्ट्रीय औषधि मूल्य निर्धारण प्राधिकरण (NPPA) तय करती है, लेकिन ऑनलाइन कंपनियां भारी डिस्काउंट दे रही हैं। ऑनलाइन दवा बिक्री कानूनन नहीं है, क्योंकि कुछ मामलों में नकली और प्रतिबंधित दवाओं की बिक्री के मामले सामने आए हैं।

खुला

क्या-क्या है खुला?

आम जनता की सुविधा और आपातकालीन परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए अस्पताल परिसरों में संचालित मेडिकल स्टोर खुले रहेंगे। प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि परियोजना के तहत संचालित जन औषधि केंद्रों पर भी दवाएं मिल रही हैं। सरकारी अस्पताल और ब्लॉक स्तर के स्वास्थ्य केंद्रों पर भी दवाओं की आपूर्ति जारी है। सरकार ने जिला-वार हेल्पलाइन नंबर स्थापित किए गए हैं, जिनमें आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए औषधि निरीक्षकों को नियुक्त किया गया है।

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