क्या दिल्ली-NCR में चलाए जा सकेंगे पटाखे? जानिए सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा
सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि लोग त्योहारों को इस तरह से मनाएं जिससे पर्यावरण को नुकसान न पहुंचे। न्यायाधीशों ने साफ किया कि वे कोई कड़े प्रतिबंध लगाने के बजाय, चाहते हैं कि लोग खुद सार्वजनिक स्वास्थ्य के बारे में सोचें और ऐसे विकल्प चुनें जिनसे प्रदूषण कम हो, खासकर पटाखों के मामले में। उन्होंने यह भी कहा कि प्रतिबंध लगाने से ज्यादा मुश्किल काम है, लोगों को स्वास्थ्य खतरों के बारे में जागरूक करना, लेकिन इसी से असली बदलाव आ सकता है।
दिल्ली-NCR में पटाखों को लेकर पिछला आदेश बरकरार
दिल्ली-NCR में पटाखों को लेकर कोर्ट का पिछला आदेश अभी भी लागू है। इसका मतलब है कि इस बार भी दिवाली पर तय समय और शर्तों के साथ सीमित आतिशबाजी की अनुमति दी जा सकती है। हालांकि, कोर्ट का जोर सिर्फ नियमों पर नहीं, बल्कि लोगों के आत्म-नियंत्रण पर ज्यादा है। इसका मतलब है कि त्योहारों को ऐसे सुरक्षित तरीके से मनाया जाए, जिससे हमारी परंपराएं भी बनी रहें और हवा भी साफ रहे। अदालत का सीधा संदेश है कि हम सब एक-दूसरे का ख्याल रखें और अपने त्योहारों को खुशहाल और स्वस्थ बनाएं।