प्रयागराज में गंगा का जलस्तर बढ़ा, हनुमान मंदिर का गर्भगृह भी पानी में डूबा
रविवार को प्रयागराज में गंगा नदी का जलस्तर इतना ऊपर आ गया कि श्री लेटे हनुमान मंदिर का गर्भगृह भी पानी में डूब गया। स्थानीय लोग इस घटना को बेहद पवित्र और शुभ मानते हैं।
बाढ़ का पानी मंदिर के अंदर आने के बावजूद, यहां के अनुष्ठान जारी रहे। पुजारियों ने बड़े भक्तिभाव से आरती की और मंत्रोच्चार भी लगातार करते रहे।
यमुना 85 सेंटीमीटर, गंगा 87-89 सेंटीमीटर बढ़ी
तेज़ बारिश और बांधों से पानी छोड़े जाने के कारण यमुना और गंगा, दोनों नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ा है।
कुछ जगहों पर यमुना का पानी 85 सेंटीमीटर और गंगा का पानी 87 से 89 सेंटीमीटर तक ऊपर आ गया है।
झूंसी जैसे कई इलाकों में सड़कें पूरी तरह पानी में डूब गई हैं, जिसकी वजह से कई गांवों का बाकी हिस्सों से संपर्क टूट गया है। प्रशासन ने लोगों की मदद के लिए 97 राहत शिविर बनाए हैं।
इसके अलावा, नदी किनारे बसे 100 से ज़्यादा गांवों को बाढ़ के बढ़ते खतरे के प्रति सतर्क रहने की चेतावनी भी जारी की गई है।