TCS BPO उत्पीड़न: चौथी पीड़िता का खुलासा, कहा- HR ने मामला छोड़ने का दबाव बनाया
नाशिक के TCS बीपीओ यौन उत्पीड़न मामले में चौथी पीड़ित महिला भी सामने आई है। उसने आरोप लगाया है कि रजा मेमन के बुरे व्यवहार की शिकायत जब उसने की, तो कंपनी के वरिष्ठ अधिकारियों ने उसे अनदेखा कर दिया। उस महिला ने बताया कि जब भी उसने इस मामले को उठाने की कोशिश की, तो उसे कहा गया कि वह 'मामला छोड़ दे' और बेवजह ध्यान न खींचे।
नाशिक मामले में सात कर्मचारी गिरफ्तार
पीड़िता ने बताया कि उत्पीड़न की शुरुआत कैसे हुई। उसने कहा कि मई 2023 में जब उसने कंपनी में काम करना शुरू किया, तभी से मेमन उसके साथ गलत व्यवहार करने लगा था। वह उससे छिपकर बातें करने की जिद करता था और बिना किसी वजह के बार-बार संपर्क करने की कोशिश करता था। मेमन की इन हरकतों से पीड़िता बहुत असहज महसूस करती थी। चूकि वह कंपनी में नई थी, इसलिए वह काफी दबाव महसूस कर रही थी। एचआर और ऑपरेशंस मैनेजर अश्विनी चिनैनी ने उसे शिकायत न करने की सलाह दी। इसी डर और हिचकिचाहट के चलते वह चुप्पी साधे रही। हालांकि, अब इस मामले में सात कर्मचारियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।