TCS नाशिक में भूचाल: यौन उत्पीड़न-धर्मांतरण आरोपों पर ऑनसाइट काम बंद, आरोपी निलंबित
TCS का नाशिक ऑफिस इन दिनों बड़ी चर्चा में है। इसकी वजह है वहाँ शुरू हुए विरोध प्रदर्शन, जो गंभीर आरोपों को लेकर हो रहे हैं। इन आरोपों में यौन उत्पीड़न और कंपनी के सीनियर कर्मचारियों पर जबरन धर्म परिवर्तन कराने जैसे गंभीर मामले शामिल हैं। बजरंग दल ने इन आरोपों के बाद 16 और 17 अप्रैल को देशभर में विरोध प्रदर्शन करने का आह्वान किया था। ये प्रदर्शन 16 अप्रैल को शुरू होकर 17 अप्रैल तक जारी रहेंगे। इन्हीं विरोध प्रदर्शनों के चलते TCS ने नाशिक ऑफिस में सभी ऑनसाइट कामकाज रोक दिया है। कंपनी ने अपने सभी कर्मचारियों को फिलहाल घर से काम करने के लिए कहा है।
TCS ने नाशिक में आरोपी कर्मचारियों को निलंबित किया
TCS ने उन कर्मचारियों को निलंबित कर दिया है, जिनके नाम शिकायतों में सामने आए हैं। कंपनी ने साफ कहा है कि उत्पीड़न के मामलों में उसकी जीरो टॉलरेंस पॉलिसी है और ऐसी किसी भी हरकत को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इसके साथ ही, TCS ने नाशिक में नई भर्तियों पर भी रोक लगा दी है। यह रोक तब तक जारी रहेगी जब तक कि पुलिस की पूरी जांच नहीं हो जाती। उधर, राष्ट्रीय महिला आयोग ने इस पूरे मामले की जांच के लिए एक टीम नाशिक भेजने का फैसला किया है। यह टीम मौके पर जाकर हालात का जायजा लेगी और देखेगी कि अधिकारी इस मामले को कैसे संभाल रहे हैं।