लंबे इंतजार के बाद आया मानसून, पर 42 प्रतिशत बारिश अभी भी 'लापता'
काफी लंबे इंतजार के बाद, दक्षिण-पश्चिम मानसून ने आखिरकर अपनी रफ्तार पकड़ ली है और यह भारत के ज्यादातर हिस्सों में फैल गया है। हालांकि, देश में अब तक हुई बारिश सामान्य से 42 प्रतिशत कम बनी हुई है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के आंकड़ों के अनुसार, 4 जून से अब तक सिर्फ 68.5 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई है, जबकि इस समय तक सामान्य तौर पर 118.5 मिलीमीटर बारिश हो जानी चाहिए।
भारी बारिश और क्षेत्रीय कमियां
अच्छी बात यह है कि पश्चिम बंगाल, महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में जमकर बारिश हुई है। इनमें कुछ जगहें तो ऐसी भी रहीं जहां एक ही दिन में 20 सेंटीमीटर तक बारिश दर्ज की गई। वहीं, गोवा, तटीय कर्नाटक, तेलंगाना और असम में भी अच्छी-खासी बरसात देखने को मिली है। हालांकि, देश के मध्य और दक्षिणी क्षेत्र अभी भी बारिश के मामले में काफी पीछे चल रहे हैं। मध्य भारत में जहां 59 प्रतिशत कम बारिश हुई है, वहीं दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में भी 43 प्रतिशत की कमी बनी हुई है। मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि इन इलाकों में बारिश की इस कमी को पूरा करने के लिए अब आगे लगातार अच्छी बारिश की जरूरत होगी।