मंगेतर को इंप्रेस करने के लिए बना फर्जी 'PMO अधिकारी', AI का किया इस्तेमाल
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मुंबई दौरे से पहले, रोहन पारेख नाम का एक शख्स प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) की फर्जी पहचान का इस्तेमाल करते हुए पकड़ा गया था। अब सामने आया है कि उसने अपनी मंगेतर और परिवार को इंप्रेस करने के लिए PMO का अधिकारी होने का दिखावा किया था।
प्रधानमंत्री मोदी के दौरे से कुछ ही दिन पहले, वह एक नकली PMO ID और एक हथियारबंद बॉडीगार्ड के साथ जियो वर्ल्ड प्लाजा पहुंचा था। इस पूरे दिखावे का प्रधानमंत्री के कार्यक्रम से कोई लेना-देना नहीं था।
जांच एजेंसियां AI से बनी PMO आईडी की जांच में जुटीं
जांचकर्ताओं का मानना है कि पारेख ने यह कथित PMO पहचान पत्र बनाने के लिए किसी AI टूल का इस्तेमाल किया था। उसने अपने बॉडीगार्ड-कम-ड्राइवर, दिलीप कुंडे को हर महीने करीब 90,000 रुपये दिए थे, जो पैसे कथित तौर पर पारेख के परिवार ने दिए थे।
पुलिस ने बताया कि पारेख ने पहले भी मॉल का दौरा किया था ताकि वहां की सुरक्षा को समझा जा सके। अब, जांचकर्ता एक और साथी की तलाश में हैं और डिजिटल सबूतों को खंगाल रहे हैं।
यह पूरा मामला बड़े आयोजनों की सुरक्षा और AI का इस्तेमाल करके कितनी आसानी से असली जैसी दिखने वाली नकली ID बनाई जा सकती है, इस पर कई गंभीर सवाल खड़े करता है।